मंगेतर की मौत के सदमे में टूटी युवती, नवजात को छत पर छोड़ने का मामला उजागर
देहरादून। बसंत विहार थाना क्षेत्र के ऋषि विहार में बीते दिनों एक मकान की छत पर कट्टे में मिले एक दिन के नवजात शिशु के मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। जांच में सामने आया कि नवजात को जन्म देने वाली युवती अविवाहित है और उसके मंगेतर की कुछ महीने पहले सड़क हादसे में मौत हो चुकी थी।
पुलिस के अनुसार करीब 18 महीने पहले युवती की एक युवक से सगाई हुई थी। सगाई के बाद दोनों के बीच मेल-जोल बढ़ा और इसी दौरान युवती गर्भवती हो गई। लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था। कुछ महीने पहले हरिद्वार में एक सड़क दुर्घटना में युवक की मौत हो गई। मंगेतर की असमय मृत्यु से युवती गहरे सदमे में चली गई।
मानसिक तनाव और सामाजिक लोकलाज के डर के कारण उसने अपनी गर्भावस्था पर ध्यान नहीं दिया। घटना वाले दिन युवती ने घर के बाथरूम में ही बच्चे को जन्म दिया। घबराहट और बदनामी के भय से उसने नवजात को एक कट्टे में रखकर मकान की छत पर छोड़ दिया।
बच्चे के रोने की आवाज सुनकर आसपास के लोगों ने पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची और नवजात को अस्पताल में भर्ती कराया गया।
एसएसआई बसंत विहार दुर्गेश कोठियाल ने बताया कि नवजात को लावारिस छोड़ने के मामले में मुकदमा दर्ज किया गया था। जांच के दौरान सोमवार को बच्चे की मां का पता चल गया। परिजन अब बच्चे को अपने साथ ले जाने के लिए तैयार हैं और कानूनी प्रक्रिया पूरी कर उन्हें बच्चा सुपुर्द किया जा रहा है।
दून अस्पताल के बाल रोग विभाग के एचओडी डॉ. अशोक कुमार ने बताया कि नवजात की हालत सामान्य है और वह चिकित्सकीय निगरानी में है। जल्द ही बच्चे को अस्पताल से छुट्टी दी जा सकती है।
पुलिस पूरे मामले की विस्तृत जांच कर रही














