चप्पे-चप्पे पर पुलिस बल मौजूद होने के बावजूद भी लग रहा लंबा जाम
आखिर कब हल होगी पार्किंग की समस्या, पर्यटक यूं ही कब तक होते रहेंगे परेशान
आखिर नैनीताल और हल्द्वानी में पार्किंग की गंभीर समस्या होने के बावजूद कोई हल क्यों नहीं निकालती सरकार
आखिर इन हालातो का जिम्मेदार कौन सरकार या प्रशासन?
नैनीताल। ग्रीष्मकालीन सीजन के दौरान वीकेंड पर नैनीताल में पर्यटकों का दबाव बढ़ा तो व्यवस्था चरमरा गईं।
शहर में पार्किंग स्थल फुल होने के बाद पुलिस को सुबह से ही विशेष यातायात प्लान लागू करना पड़ा।
एंट्री प्वाइंट पर वाहनों को रोक पर्यटकों को शटल सेवा से नैनीताल भेजा गया लेकिन एंट्री प्वाइंट नारायण नगर व रूसी बाईपास में लंबा जाम लग गया तो पर्यटक को घंटों इंतजार करना पड़ा।
हालत इतने बेकबू थे कि हनुमानगढ़ी से केवल पांच गाड़ियों को नैनीताल शहर मे एंट्री की परमिशन दी जा रही थी जिस कारण दो-तीन किलोमीटर लंबा जाम लग रहा।
पार्किंग वाले होटलों में बुकिंग नहीं होने के कारण कई पर्यटक वाहनों को शहर में एंट्री नहीं मिल सकी। जिस कारण कई पर्यटक वापस भी लौट गए। शनिवार को तीन हजार से अधिक वाहन और 25 हजार से अधिक पर्यटकों के पहुंचने का अनुमान है।
शनिवार को सुबह से ही पर्यटकों के पहुंचने से अधिकांश होटल फुल हो गए। जिससे पुलिस ने भवाली मार्ग से आने वाले पर्यटकों को ज्योलीकोट होते हुए रुसी बाईपास तक भेजा।
हल्द्वानी से आने वाले वाहनों को रुसी बाईपास और कालाढूंगी मार्ग से आ रहे वाहनों को नारायण नगर में ही रोक दिया गया।
जहां से पार्किंग वाले होटलों में एडवांस बुकिंग कराकर आने वाले पर्यटक वाहनों को शहर में एंट्री दी गई। शेष वाहनों को पार्क कर शटल सेवा के माध्यम से पर्यटकों को शहर तक लाया गया।
मगर वाहनों का दबाव बढ़ते ही एंट्री प्वाइंट पर पुलिस की व्यवस्था लड़खड़ाई नजर आई।
जिससे नारायण नगर में करीब दो किमी लंबा जाम लगा रहा। ऐसी ही स्थिति हल्द्वानी मार्ग की रही। जाम में फंसे पर्यटकों को परेशानी झेलनी पड़ी।
सुबह 8:00 से ही काठगोदाम में जाम की स्थिति देखने को मिली जिस कारण कई लोगों को घंटे जाम में फंसा रहना पड़ा।
वही हाल शाम को भी थे जिस कारण दो तीन किलोमीटर लंबा जाम काठगोदाम और रानीबाग के बीच में लगा रहा।
लंबा फेरा लगाकर पर्यटक वापस लौटे
भवाली मार्ग से पर्यटकों को ज्योलीकोट से रूसी बाईपास की ओर डायवर्ट किए जाने से कई पर्यटक वापस लौट गए।
शाम को शहर में वर्षा हुई तो रुसी बाईपास क्षेत्र में मलबा आ गया। जिससे कुछ देर यातायात बाधित हो गया।
भवाली में भीषण जाम से लोग परेशान
रामगढ़ रोड पर दो किमी, नैनीताल रोड, अल्मोड़ा के साथ ही नगर से तीन किमी दूरी पर स्थित रोडवेज कार्यशाला से भी एक किमी दूरी तक सड़क पर दोनों और वाहनों की कतारें लग गईं।
जिससे यह समस्या और अधिक बढ़ती गई। देर शाम तक सड़क पर वाहन बस रेंगते हुए ही नज़र आए।
नैनीताल की सीट पाने को होड़, 18 बसों ने मारे चक्कर
शनिवार को सुबह से हल्द्वानी बस स्टेशन पर नैनीताल जाने वाले पर्यटकों व यात्रियों की भीड़ उमड़ पड़ी। बसों की संख्या कम पड़ने पर एक गाड़ी से तीन-तीन चक्कर तक लगवाने पड़े।
हल्द्वानी, काठगोदाम और भवाली डिपो ने मिलकर 18 बसें इस रूट पर लगाई थीं।
बढ़ती गर्मी के कारण मैदानी इलाकों से बड़ी संख्या में लोग इन दिनों पहाड़ का रुख कर रहे हैं।
शनिवार को वीकेंड होने के कारण बस स्टेशन पर लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी।
रानीबाग – काठगोदाम के बीचभी लग रहा है लंबा जाम ।
अतिक्रमण जिम्मेदार है या संकरी पुलिया, रानीबाग, भीमताल, नैनीताल जाम की एक बड़ी समस्या तिराहे का संकरा होना।
लोगों का कहना है कि सरकार और प्रशासन की नाकामी के करण भीमताल- रानीबाग तिराहे पर जाम लंबा जाम लगता है।
इसकी सबसे बड़ी समस्या तिराहे का संकरा होना है।
नैनीताल -भीमताल -रानीबाग तिराहे से लेकर वन विभाग के बैरियर तक का हिस्सा चौड़ा किया जाए तो जाम की बड़ी समस्या से निजात पाया जा सकता है।














