देहरादून में ग्रामोत्थान सम्मेलन: हिमफ्ला ने छह जिलों के सीएलएफ से किया करार, 10 हजार किसानों को मिलेगा लाभ
देहरादून। ग्राम्य विकास विभाग, उत्तराखंड द्वारा 9 और 10 फरवरी को आयोजित ग्रामीण उद्यम वेग वृद्धि परियोजना – ग्रामोत्थान राज्य स्तरीय बहु हितकारी मंच (MSP) में प्रदेशभर से आए स्वयं सहायता समूहों, सीएलएफ और निजी कंपनियों की सक्रिय भागीदारी रही। इस दो दिवसीय सम्मेलन में प्रदेश के सभी जिलों से कुल 26 क्लस्टर स्तरीय महासंघ (सीएलएफ) और 18 निजी कंपनियों ने प्रतिभाग किया।
कार्यक्रम में नैनीताल जिले के काकड़ीघाट क्षेत्र में स्थापित हिमफ्ला प्राइवेट लिमिटेड ने भी भाग लिया। हिमफ्ला अपने उत्पाद पहाड़ी पिसी नूण के लिए देश-विदेश में पहचान बना चुकी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी अपने उत्तराखंड भ्रमण के दौरान इस उत्पाद का अवलोकन कर इसकी सराहना कर चुके हैं।
हिमफ्ला के डायरेक्टर संदीप पांडे ने बताया कि सम्मेलन के दौरान कंपनी ने राज्य के छह जिलों—नैनीताल, पिथौरागढ़, उधम सिंह नगर, बागेश्वर, चमोली और रुद्रप्रयाग—के सीएलएफ के साथ करार पर हस्ताक्षर किए। इस साझेदारी से लगभग 10,000 किसानों को अपनी उपज के बेहतर विपणन का अवसर मिलेगा, वहीं प्रदेश और देश के उपभोक्ताओं को पहाड़ के शुद्ध एवं प्राकृतिक उत्पाद उपलब्ध हो सकेंगे।
सम्मेलन में उत्तराखंड सरकार के कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने हिमफ्ला, विभिन्न जिलों से आए सीएलएफ प्रतिनिधियों और REAP अधिकारियों के बीच लेटर ऑफ इंटेंट पर हस्ताक्षर करवाकर साझेदारी को औपचारिक रूप दिया।














