मानसिक प्रताड़ना से टूटे युवक ने दी जान, पत्नी और मायके वालों पर उकसाने का केस दर्ज
देहरादून। विकासनगर क्षेत्र में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है।
कैनाल रोड स्थित पहाड़ी गली चौक के पास किराए के मकान में रहने वाले 30 वर्षीय युवक महेंद्र वर्मा ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया।
मृतक के कमरे से पुलिस को 9 पन्नों का सुसाइड नोट और कई वीडियो संदेश मिले हैं, जिनमें महेंद्र ने अपनी पत्नी और ससुराल पक्ष पर मानसिक उत्पीड़न के गंभीर आरोप लगाए हैं। महेंद्र ने अपने पत्र और वीडियो में दावा किया कि वह लंबे समय से पत्नी और उसके परिजनों के व्यवहार से मानसिक रूप से परेशान था। उसने आरोप लगाया कि पत्नी के भाइयों ने उससे चार लाख रुपये की मांग की थी। साथ ही, उसने पत्नी के किसी अन्य व्यक्ति से संबंध होने की बात भी कही है।
बताया जा रहा है कि महेंद्र और उसकी पत्नी दोनों एक ही होटल में काम करते थे और करीब तीन साल से दोनों की शादीशुदा जिंदगी में लगातार तनाव चल रहा था। कुछ समय पहले विवाद बढ़ने पर पत्नी मायके चली गई थी, जिसके बाद से महेंद्र अवसाद में रहने लगा।
मृतक के पिता हरिदास वर्मा ने विकासनगर कोतवाली में तहरीर देकर बहू और उसके मायके वालों पर बेटे को आत्महत्या के लिए मजबूर करने का आरोप लगाया है। पुलिस ने सुसाइड नोट और वीडियो संदेशों को आधार बनाते हुए पत्नी व उसके परिजनों के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने (एबेटमेंट टू सुसाइड) का मुकदमा दर्ज कर लिया है।
कोतवाली प्रभारी विनोद गुसांई ने बताया कि पूरे मामले की गहनता से जांच की जा रही है। पोस्टमॉर्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया है। सुसाइड नोट, वीडियो और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
मृतक के परिजनों ने दोषियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि यदि समय रहते महेंद्र की मानसिक स्थिति को समझा जाता और उसे सहारा मिलता, तो शायद यह दर्दनाक घटना टाली जा सकती थी। पुलिस मामले से जुड़े हर पहलू की जांच कर रही है।














