हत्या, लूट और रेप के आरोपी भी घुस गए थे CJP के प्रोटेस्ट में; 989 क्रिमिनल रिकॉर्ड वाले शातिरों की हुई पहचान
नई दिल्ली। नीट पेपर लीक के विरोध और शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग को लेकर जंतर-मंतर और उसके आसपास एक सप्ताह तक चले हिंसक प्रदर्शन को लेकर दिल्ली पुलिस की जांच में कई चौंकाने वाले दावे सामने आए हैं। पुलिस के अनुसार, काॅकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के बैनर तले हुए इस आंदोलन के दौरान हुई हिंसा और पथराव में दिल्ली पुलिस तथा केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (सीएपीएफ) के 240 अधिकारी और जवान गंभीर रूप से घायल हुए।
जांच के दौरान पुलिस ने दावा किया कि प्रदर्शन स्थल पर मौजूद भीड़ में बड़ी संख्या में ऐसे लोग शामिल थे, जिनका पहले से गंभीर आपराधिक इतिहास रहा है। पुलिस के मुताबिक, 2,873 प्रदर्शनकारियों की पहचान की गई, जिनमें से 989 लोगों का हत्या, लूट, दुष्कर्म, आर्म्स एक्ट, मादक पदार्थ तस्करी सहित अन्य जघन्य अपराधों में आपराधिक रिकॉर्ड मिला है। इनमें कई आदतन और हिस्ट्रीशीटर अपराधी भी शामिल बताए गए हैं।
एआई फेस रिकग्निशन से हुआ खुलासा
दिल्ली पुलिस को हिंसा के दौरान ही आशंका हो गई थी कि प्रदर्शन की आड़ में बाहरी अपराधी और असामाजिक तत्व भीड़ में शामिल हो गए हैं। इसके बाद पुलिस ने जंतर-मंतर और आसपास के क्षेत्रों में एआई आधारित फेस रिकग्निशन सिस्टम (एफआरएस) कैमरे लगाए। कैमरों से मिले चेहरों का मिलान पुलिस डाटाबेस से किया गया, जिसके बाद कथित तौर पर 989 ऐसे लोगों की पहचान हुई जिनका आपराधिक रिकॉर्ड पहले से दर्ज है।
पुलिस सूत्रों का कहना है कि जांच से संकेत मिले हैं कि प्रदर्शन में केवल छात्र या आम प्रदर्शनकारी ही नहीं, बल्कि एक सुनियोजित तरीके से आपराधिक पृष्ठभूमि वाले लोगों को भी शामिल किया गया था। अब चिन्हित आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए बड़े स्तर पर छापेमारी की तैयारी की जा रही है।
किन-किन मामलों में दर्ज हैं केस
पुलिस के अनुसार चिन्हित लोगों में—
हत्या के मामले – 101
हत्या के प्रयास के मामले – 62
डकैती एवं लूट – 284
दुष्कर्म – 61
पॉक्सो – 6
महिलाओं से छेड़छाड़ – 25
आर्म्स एक्ट – 229
छीना-झपटी – 135
एनडीपीएस (मादक पदार्थ) – 67
अपहरण – 19
कई आरोपी आदतन अपराधी
जांच में यह भी सामने आया कि इन आरोपितों में बड़ी संख्या ऐसे लोगों की है, जिन पर एक से अधिक गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं।
हत्या के 101 आरोपितों में 42 पर दो या अधिक तथा 12 पर 10 या उससे अधिक आपराधिक मामले दर्ज हैं।
हत्या के प्रयास के 62 आरोपितों में 25 पर दो या अधिक मामले दर्ज हैं।
डकैती और लूट के 284 आरोपितों में 155 पर दो या अधिक तथा 31 पर 10 या उससे अधिक मामले दर्ज पाए गए।
दुष्कर्म के मामलों में शामिल 61 आरोपितों में 8 तथा महिलाओं से छेड़छाड़ के 25 आरोपितों में 6 आदतन अपराधी बताए गए हैं।
एनडीपीएस के 67 आरोपितों में 9 बार-बार अपराध करने वाले पाए गए।
दिल्ली पुलिस का कहना है कि हिंसा की पूरी साजिश और इसमें शामिल लोगों की भूमिका की जांच जारी है। चिन्हित आरोपितों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई तेज की जाएगी।
नोट: यह खबर दिल्ली पुलिस द्वारा जांच में किए गए दावों और उपलब्ध कराई गई जानकारी पर आधारित है। आरोपों की अंतिम पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया और आगे की जांच के बाद ही होगी।


