पुलिस मुख्यालय के आदेश पर जिले के हल्द्वानी में पुलिस कर्मियों को दिया जा रहा है “भारतीय न्याय संहिता” का प्रशिक्षण, अब नए कानूनी प्रावधानों से होंगे आरोपियों पर मुकदमे
भारतीय दंड संहिता में संसदीय प्रणाली के माध्यम से हुए फेरबदल के चलते देशभर में नई कानूनी प्रावधान से लैस “भारतीय न्याय संहिता” लागू होने जा रही है।
हल्द्वानी। पुलिस मुख्यालय से जारी आदेशों के अनुपालन में 30.04.2024 से हल्द्वानी मीटिंग हॉल में नैनीताल पुलिस के सभी पुलिस अधिकारी/कर्मियों को ऑफलाइन तथा ऑनलाइन प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
प्रशिक्षण में अलग–अलग बैच वार थाना प्रभारी, उपनिरीक्षकों, हेड मोहरिर्र, मालखाना मोहरिर समेत आरक्षियों को दिवस वार ट्रेनिंग दी जा रही है। ट्रेनिंग प्रोग्राम में उत्तराखंड पुलिस प्रशिक्षण केंद्र से आए मास्टर ट्रेनर तथा अभियोजन विभाग के अभियोजन अधिकारियों द्वारा प्रशिक्षण प्रदान किया जा रहा है।
▪️भारतीय न्याय संहिता में कुल अध्याय 20 (आईपीसी में कुल अध्याय-23)
▪️भारतीय न्याय संहिता में कुल धाराएं 358 (आईपीसी में
कुल धाराएं – 511)
▪️भारतीय न्याय संहिता 2023 में 19 प्रावधानों को निरस्त किया गया है।
▪️भारतीय न्याय संहिता 2023 में कुल 33 अपराधों में कारावास के दंड की वृद्धि की गई है।
▪️भारतीय न्याय संहिता में कुल 23 अपराधों में अनिवार्य न्यूनतम दंड लागू किया गया है।
इसके अतिरिक्त न्याय संहिता में ऐसे ही कई अन्य दंड प्रावधानों में वृद्धि तथा संशोधन किया गया है।














