ब्रेकिंग न्यूज़
खबर शेयर करे -

अल्मोड़ा।  दिनांक 25 जून 2024 को बिनसर अभ्यारण्य, अल्मोड़ा में 13 जून 2024 को प्रकृति की रक्षा करते हुए वनाग्नि की चपेट में आकर अपने प्राणों की आहुति देने वाले वीर सपूतों के सम्मान में श्रद्धांजलि कार्यक्रम आहूत किया गया।

उक्त कार्यक्रम अखिल भारतीय वन अधिकारी महासंघ, नई दिल्ली के राष्ट्रीय अध्यक्ष सतीश मिश्रा की अध्यक्षता में व राष्ट्रीय सचिव कमल यादव की उपस्थिति में सम्पन्न हुआ।

जंगल की आग बुझाते हुए वीरगति को प्राप्त वनकर्मियों को सलामी दी गयी व पुष्प अर्पण कर श्रध्दा सुमन अर्पित किए गए।

कार्यक्रम में वन बीट अधिकारी संघ के प्रांतीय अध्यक्ष हर्षवर्धन गड़िया व जिलाध्यक्ष अल्मोड़ा बलवन्त भण्डारी द्वारा श्रद्धांजलि अर्पित किये जाने के बाद वीरगति में अपनी जान गवां देने वाले वनकर्मियों के परिजनों को सांत्वना प्रदान करने के साथ ही शासन से यह मांग की गई कि वनाग्नि घटना में प्रभावी नियंत्रण हेतु नीतियों में परिवर्तन की आवश्यकता है।

इस प्रकार भीषण अग्नि व धुंए के गुबार में अपने प्राणों की परवाह किये बिना प्रवेश कर लेना व मौत को गले लगाना कहीं न कहीं प्रथम पंक्ति के कर्मचारियों पर अत्यधिक दबाव को दर्शाता है।

वन बीट अधिकारी 24 घंटे वनाग्नि सुरक्षा कार्य में भूखे प्यासे लगे रहते हैं किंतु विभाग इनकी अनदेखी कर न ही समय पर ए. सी. पी. का लाभ देकर वेतन वृद्धि कर रही और न ही समय रहते पदोन्नति दे रही, जिससे वन आरक्षी /वन बीट अधिकारी का मनोबल टूट रहा है।

वनाग्नि घटना में मृतक वन बीट अधिकारी स्वर्गीय त्रिलोक मेहता भी अपनी 10 वर्ष की अहर्ता पूर्ण कर लगभग 12 वर्ष की सेवा पूरी कर चुके थे किंतु विभागीय अनदेखी से न तो इन्हें पदोन्नति का लाभ मिला और न ही वेतन वृद्धि समय से मिल सकी।

यह कहीं न कहीं विभागीय लचर प्रणाली को दर्शाता है। वन बीट अधिकारी संघ के प्रांतीय अध्यक्ष द्वारा यह चेतावनी दी गयी है कि प्रथम पंक्ति में कार्य कर रहे वन आरक्षी की मूलभूत समस्याओं पर यदि समय रहते विचार कर समाधान न किया गया तो संघ प्रदेश भर में जल्द ही एक आंदोलन छेड़ देगा।

जिसकी पूर्ण जिम्मेदारी विभागीय उच्चाधिकारियों की रहेगी। प्रदेश संगठन समय रहते ए. सी. पी. का लाभ, ससमय पदोन्नति, वेतन में HRA, वनाग्नि काल से निपटने के लिए सुरक्षा उपकरण, वनाग्नि घटना पर प्रभावी नियंत्रण के लिए 24 घण्टे अनुभाग स्तर पर विभागीय वाहन उपलब्ध कराये जाने, वन कर्मियों का बीमा न्यूनतम 50 लाख से अधिकतम 1 करोड़ तक करवाये जाने आदि ज्वलंत मुद्दों पर तत्काल समाधान की मांग करती है।

साथ ही वन आरक्षी / वन बीट अधिकारी के समस्याओं पर विचार न करने व अनदेखी करने पर उत्तराखण्ड प्रदेश स्तर के समस्त कर्मचारियों से आंदोलन के लिए तैयार रहने हेतु अपील जारी करती है।

उक्त श्रद्धांजलि कार्यक्रम में विभिन्न प्रभाग चमोली, पिथौरागढ़, सिविल सोयम, रामनगर, नैनीताल, चंपावत इत्यादि से वन बीट अधिकारी संघ के पदाधिकारियों द्वारा प्रतिभाग किया गया।

यह भी पढ़ें :  भीमताल : बाघ आतंक को लेकर राज्य आंदोलनकारी हरीश पनेरु का प्रशासन पर दबाव, बच्चों की स्कूल सुरक्षा व वाहन व्यवस्था की उठाई मांग
error: Content is protected !!