हल्द्वानी। रामलीला के दौरान अधिवक्ता को गोली मारने की घटना को लेकर अधिवक्ता के परिजनों का बयान सामने आया है।
परिजनों ने कहा है कि उमेश कराडों की नौजमीन को बचाने का प्रयास कर रहे थे लेकिन रिश्ते का भाई दिनेश इस करोड़ों की जमीन को हाथ से नहीं देना चाहता था। करीब 18 बीघा जमीन को उसने कब्जाने का प्रयास किया था।
जिसका मृतक उमेश नैनवल हमेशा विरोध करते आ रहे थे। जिस बात की शिकायत उन्होंने CM पोर्टल और DM को भी दी थी जिस बात के पूरे साक्ष्य उनके पास हैं।
उन्होंने इस विवादित भूमि को सरकारी भूमि में निहित करने के लिए तमाम प्रयास किए थे जिस बात से दिनेश उनसे रंजिश रखने लगा जिसके चलते उसने उमेश को रास्ते से हटाने के लिए गोली मार दी।
वहीं परिजनों ने आरोप लगाया कि लोग उमेश के बारे में गलत तथ्य प्रस्तुत कर रहें जो की गलत है।





