नैनीताल। प्रदेश में पंचायत चुनावों की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। इसके साथ ही वोटर को अपने पाले में लाने का खेल भी शुरू हो चुका है।
प्रत्याशी इन चुनावों में जन मुद्दों को शराब के नशे और पैसों की चकाचौंध में ढकने के प्रयास में जुटे हैं।
चुनाव में जम कर शराब और पैसा बहाया जा रहा है। इसका अंदाजा इस बात से लग सकता है कि चुनाव के दृष्टिगत चलाए जा रहे अभियान में अब तक 2.51 करोड़ की नकदी, शराब एवं मादक पदार्थ जब्त किए जा चुके हैं।
अब तक सामने आई तस्वीर के अनुसार प्रधान, क्षेत्र पंचायत से लेकर जिला पंचायत के कुल 66,418 पदों के सापेक्ष 60,127 प्रत्याशी मैदान में हैं।
इनमें प्रधान पद के 21 हजार और जिला पंचायत सदस्य पद के तकरीबन 1800 प्रत्याशी मैदान में है। ये दोनों ऐसे पद हैं, जिनके लिए सबसे अधिक जोड़-तोड़ चल रही है।
पंचायत चुनावों के लिए इस समय प्रवासी भी अपने गांव पहुंच रहे हैं। गांवों में आज भी बिजली, पानी, सड़क, स्वास्थ्य व शिक्षा जैसी समस्याएं जस की तस हैं।
गांव में रहने वाले वोटर तो हमेशा से ही इन समस्याओं से जूझते रहे हैं। प्रवासी वोटर जो केवल वोट डालने गांव आ रहा है, वह भी इन समस्याओं की ओर नजर न डाल सके, इसके लिए प्रत्याशी पार्टियों का दौर चलाए हुए हैं।
यहां शराब व नशीले पदार्थ जम कर बांटे जा रहे हैं। यह बात अलग है कि निर्वाचन आयोग के निर्देशों पर इन पर कार्रवाई भी हो रही है।
अभी तक के आंकड़ों पर नजर डालें तो चुनावों में शुक्रवार तक पुलिस व आबकारी विभाग ने 41.53 लाख रुपये मूल्य की 9145 लीटर शराब जब्त की है। वहीं 1.30 करोड़ रुपये के नशीले पदार्थ पकड़े गए हैं। साथ ही 4.22 लाख रुपये नकद भी पकड़े गए हैं।
जाहिर है कि इन सभी का इस्तेमाल चुनाव के लिए किया जाना था। माना जा रहा है कि नाम वापसी के बाद जब चुनाव में शेष उम्मीदवारों की तस्वीर सामने आएगी तो फिर शराब व पैसों का चलन और तेजी से देखने को मिलेगा।





