हल्द्वानी। अमेरिका, इजरायल और ईरान के बीच बढ़ते युद्ध जैसे हालातों का असर अब स्थानीय स्तर पर भी साफ दिखाई देने लगा है। वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला पर पड़े दबाव का सीधा असर गैस वितरण व्यवस्था पर पड़ा है, जिससे हल्द्वानी में कमर्शियल एलपीजी सिलेंडरों की भारी किल्लत हो गई है।
इस संकट से सबसे ज्यादा प्रभावित होटल, ढाबा संचालक और स्ट्रीट फूड वेंडर हैं, जिनका रोज़गार पूरी तरह गैस सिलेंडरों पर निर्भर है। सिलेंडर न मिलने की वजह से कई कारोबारियों को अपना काम सीमित करना पड़ रहा है, जबकि कुछ के सामने तो कारोबार बंद करने की नौबत आ गई है।
कारोबारियों का कहना है कि वे पिछले कई दिनों से गैस एजेंसियों के चक्कर काट रहे हैं, लेकिन पर्याप्त आपूर्ति नहीं हो पा रही है। व्यापार मंडल के प्रतिनिधियों ने सिटी मजिस्ट्रेट से मुलाकात कर अपनी समस्या रखी और जल्द समाधान की मांग की। उनका कहना है कि यदि जल्द स्थिति नहीं सुधरी तो उनके सामने रोज़ी-रोटी का गंभीर संकट खड़ा हो जाएगा।
वहीं, प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि राज्य सरकार द्वारा जारी एसओपी (स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर) के अनुसार ही कमर्शियल सिलेंडरों का वितरण किया जा रहा है।
अधिकारियों के मुताबिक, मांग अधिक होने के कारण बैकलॉग की स्थिति बनी हुई है, लेकिन प्रशासन लगातार इसे कम करने का प्रयास कर रहा है और जल्द ही आपूर्ति सामान्य करने का दावा किया जा रहा है।
फिलहाल, गैस संकट के चलते हल्द्वानी के व्यापारियों और आम उपभोक्ताओं दोनों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है, और सभी की निगाहें प्रशासन की अगली कार्रवाई पर टिकी हैं।
