हल्द्वानी। अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. मंजूनाथ टी.सी. के निर्देशन में हल्द्वानी कोतवाली स्थित मीटिंग हॉल में महिलाओं की सुरक्षा और सशक्तिकरण को लेकर एक दिवसीय ‘सेल्फ डिफेंस टेक्नीक एवं अपराध जागरूकता’ कार्यशाला का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम में महिला पुलिस कर्मियों व अन्य प्रतिभागियों को आत्मरक्षा के व्यावहारिक गुर सिखाए गए।
कार्यशाला में एसपी हल्द्वानी मनोज कुमार कत्याल के नेतृत्व में अंतरराष्ट्रीय गोल्ड मेडलिस्ट ताइक्वांडो कोच रीतिका जोशी और महिला हेल्पलाइन प्रभारी सुनीता कुंवर ने महिलाओं को आत्मरक्षा की विभिन्न तकनीकों का प्रशिक्षण दिया।
इस दौरान दैनिक उपयोग की वस्तुओं से बचाव, सिंगल और डबल हैंड ग्रैप डिफेंस, हेयर पुल डिफेंस तथा नाइफ अटैक से बचाव की तकनीकों का प्रदर्शन किया गया।
इस अवसर पर एसएसपी नैनीताल डॉ. मंजूनाथ टी.सी. ने महिला पुलिस कर्मियों से “Physically Fit और Mentally Hit” बनने का आह्वान करते हुए कहा कि महिलाएं अपनी क्षमता और साहस से समाज में जनसेवा का उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत करें।
उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की महिलाएं अपनी मेहनत और प्रतिभा से हर क्षेत्र में अग्रणी भूमिका निभा रही हैं और आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बन रही हैं।
कार्यक्रम में महिला अपराधों से संबंधित नए कानूनी प्रावधानों पर आधारित जागरूकता के लिए डिजिटल पोस्टर का अनावरण भी किया गया।
साथ ही उपस्थित महिलाओं को नशे की बढ़ती प्रवृत्ति और उसके दुष्प्रभावों के बारे में भी जानकारी दी गई।
एसएसपी ने थानों में तैनात महिला अधिकारियों को निर्देश दिए कि महिलाओं के खिलाफ होने वाली हिंसा को केवल घरेलू विवाद तक सीमित न मानते हुए संबंधित धाराओं में कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
इस दौरान विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान देने वाली महिलाओं को भी सम्मानित किया गया। चिकित्सा क्षेत्र से नेत्र सर्जन डॉ. नंदिता, पार्षदगण, पत्रकारिता क्षेत्र की महिलाओं तथा महिला पुलिस कर्मियों को उनके योगदान के लिए सम्मान प्रदान किया गया।
कार्यक्रम का संचालन उपनिरीक्षक कुमकुम धनिक ने किया।
इस अवसर पर सीओ रामनगर सुमित पांडे, पार्षद हेमा भट्ट, नेहा अधिकारी, बबली वर्मा, बीना चौहान, तनुजा जोशी, भागीरथी बिष्ट, दया जोशी, वंदना आर्या, अंजली पंत सहित बड़ी संख्या में महिला पुलिस कर्मी उपस्थित रहीं।





