नैनीताल में विद्यालयों के लिए जारी नई समय सारणी को लेकर विरोध के स्वर उठने लगे हैं।
उत्तराखंड राज्य प्राथमिक शिक्षक संगठन के पूर्व जिला मंत्री डिकर सिंह पडियार ने इसे अव्यावहारिक बताते हुए भौगोलिक परिस्थितियों के अनुरूप न होने की बात कही है।
उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की भौगोलिक स्थिति को देखते हुए यह नई समय सारणी छात्र, विद्यालय और अभिभावकों के हित में नहीं है।
पूर्व में विभाग और शासन द्वारा समय सारणी को लेकर सुझाव भी मांगे गए थे, जिसमें पुरानी व्यवस्था को यथावत रखने का अनुरोध किया गया था।
डिकर सिंह पडियार का आरोप है कि शासन ने प्राप्त सुझावों को नजरअंदाज करते हुए नई समय सारणी जारी कर दी, जो किसी भी दृष्टि से उपयुक्त नहीं है।
उन्होंने शासन और विभाग से पुनर्विचार करते हुए पूर्व से लागू समय सारणी को ही जारी रखने की मांग की है, ताकि छात्र, विद्यालय और समुदाय के हित सुरक्षित रह सकें।

