हल्द्वानी/नैनीताल। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नैनीताल डॉ. मंजूनाथ टीसी के निर्देशन में चलाए जा रहे “मिशन ड्रग फ्री देवभूमि” और “ऑपरेशन प्रहार” के तहत पुलिस ने नशे के कारोबार पर अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है।
एसओजी नैनीताल और कोतवाली काठगोदाम की संयुक्त टीम ने 618 ग्राम स्मैक के साथ दो अंतरराज्यीय तस्करों को गिरफ्तार किया है। बरामद स्मैक की अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करीब 1.85 करोड़ रुपये आंकी गई है।
पुलिस के अनुसार 4 जून 2026 को मुखबिर की सूचना पर काठगोदाम क्षेत्र में पश्चिमी खेड़ा स्थित इंडियन ऑयल पेट्रोल पंप के पास निर्माणाधीन भवन के निकट चेकिंग के दौरान दो संदिग्धों को गिरफ्तार किया गया।
तलाशी में उनके कब्जे से कुल 618 ग्राम स्मैक (डाईएसोटाइल मॉर्फिन), एक इलेक्ट्रॉनिक तराजू तथा हुंडई ऑरा कार (RJ-05-CC-8027) बरामद हुई।
गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान गजब सिंह (27 वर्ष) और सीताराम (37 वर्ष) निवासी अटलबंद, भरतपुर (राजस्थान) के रूप में हुई है। गजब सिंह के पास से 311 ग्राम तथा सीताराम के पास से 307 ग्राम स्मैक बरामद की गई।
पूछताछ में सीताराम ने बताया कि दोनों सगे भाई हैं और राजस्थान से स्मैक लेकर हल्द्वानी आए थे। काठगोदाम रेलवे स्टेशन क्षेत्र में किसी व्यक्ति को यह खेप सौंपने के बाद मुक्तेश्वर स्थित अपने रिश्तेदारों के यहां जाने की योजना थी। पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क और स्मैक के खरीदारों की तलाश में जुटी है।
दोनों आरोपियों के खिलाफ कोतवाली काठगोदाम में एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/21/60 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। जांच में यह भी सामने आया है कि गजब सिंह के खिलाफ राजस्थान में आबकारी अधिनियम और एनडीपीएस एक्ट के कई मामले पहले से दर्ज हैं।
एसएसपी डॉ. मंजूनाथ टीसी ने इस उल्लेखनीय कार्रवाई के लिए पुलिस टीम को 2,500 रुपये पुरस्कार देने की घोषणा की है।
पुलिस का कहना है कि जनपद में नशे के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा और तस्करों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी।


