लालकुआं के स्टोन क्रेशर से लोड हुआ डंपर चौफुला पहुंचा, रेत खाली होने के बाद मजदूरों को दिखा युवक का हाथ; पुलिस जांच में जुटी
हल्द्वानी। दमुवादूंगा के चौफुला क्षेत्र में रविवार को उस समय सनसनी फैल गई, जब नहर कवरिंग निर्माण कार्य के दौरान रेत के ढेर से एक युवक का शव बरामद हुआ। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। प्रारंभिक जांच में युवक की मौत रेत में दबने से होने की आशंका जताई जा रही है, हालांकि पुलिस ने मौत के वास्तविक कारणों की पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही होने की बात कही है।
मृतक की पहचान पवन सिंह (30 वर्ष) पुत्र मदन सिंह निवासी हाटाग्राम, इंदिरा नगर, बिंदुखत्ता के रूप में हुई है। पवन स्टोन क्रेशर से खनन सामग्री ढोने वाले डंपर में हेल्पर के रूप में कार्य करता था।
परिजनों के अनुसार रविवार को डंपर लालकुआं स्थित एक स्टोन क्रेशर पर खनन सामग्री लोड कराने पहुंचा था। चालक के मौके पर मौजूद नहीं होने के कारण पवन स्वयं डंपर को लोडिंग प्वाइंट तक ले गया। बताया जा रहा है कि वह डंपर के डाले में पट्टा फंसाने के लिए चढ़ा था, तभी लोडिंग मशीन संचालक ने अनजाने में डंपर में रेत भरनी शुरू कर दी। देखते ही देखते पवन रेत के नीचे दब गया, लेकिन किसी को इसकी जानकारी तक नहीं लगी।
कुछ देर बाद जब चालक मौके पर नहीं पहुंचा तो दूसरे चालक ने डंपर को दमुवादूंगा के चौफुला क्षेत्र में चल रहे नहर कवरिंग निर्माण स्थल तक पहुंचाकर पूरा माल खाली कर दिया। हैरानी की बात यह रही कि उस समय भी किसी को यह पता नहीं चला कि रेत के नीचे पवन दबा हुआ है।
घटना का खुलासा तब हुआ, जब निर्माण कार्य में लगे मजदूरों ने रेत उठाने का काम शुरू किया। इसी दौरान उन्हें रेत के ढेर में दबा एक हाथ दिखाई दिया। मजदूरों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और रेत हटाकर युवक का शव बाहर निकाला।
घटना की सूचना मिलते ही एसपी सिटी मनोज कत्याल भी पुलिस अधिकारियों के साथ मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
पुलिस के अनुसार प्रथमदृष्टया युवक की मौत रेत में दबने से हुई प्रतीत होती है, लेकिन मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही होगा। साथ ही पूरे घटनाक्रम की गंभीरता से जांच की जा रही है। पुलिस यह भी पता लगा रही है कि इस हादसे में लोडिंग मशीन संचालक, चालक या अन्य संबंधित लोगों की किसी प्रकार की लापरवाही तो नहीं रही। यदि जांच में लापरवाही सामने आती है तो संबंधित लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।


