ग्रामीणों के वर्षों के संघर्ष और लगातार प्रयासों का दिखा असर, वन भूमि प्रस्ताव ऑनलाइन भेजा गया, वाइल्ड लाइफ देहरादून से NOC मिलते ही सड़क निर्माण का रास्ता होगा साफ
फगुनियाखेत/नैनीताल। नैनीताल के समीप न्याय पंचायत खुर्पाताल की ग्रामसभा बजून-फगुनियाखेत के ग्रामीणों के लिए लंबे संघर्ष के बाद राहत भरी खबर सामने आई है।
आजादी के 79 वर्ष बाद भी सड़क जैसी मूलभूत सुविधा से वंचित रहे फगुनियाखेत गांव को अब जल्द सड़क मार्ग मिलने की उम्मीद जगी है। वर्षों से सड़क की मांग को लेकर संघर्ष कर रहे ग्रामीणों की आवाज अब शासन-प्रशासन तक पहुंची है और सड़क निर्माण की प्रक्रिया आगे बढ़ने लगी है।
ग्रामीण लंबे समय से सड़क निर्माण की मांग को लेकर जनप्रतिनिधियों और प्रशासन के समक्ष अपनी बात रखते रहे। उन्होंने क्षेत्रीय विधायक से भी कई बार गुहार लगाई, लेकिन समाधान नहीं निकल सका। इसके बावजूद ग्रामीणों ने हार नहीं मानी और लगातार अपने अधिकार के लिए संघर्ष जारी रखा। इस मुद्दे को मीडिया के माध्यम से भी लगातार प्रमुखता से उठाया गया, जिसके बाद विभागीय स्तर पर कार्रवाई शुरू हुई।
मामले में संबंधित अधिकारी एक्शन सक्सेना ने बताया कि विभाग को ग्रामीणों की ओर से लगातार सड़क निर्माण के लिए पत्र प्राप्त हो रहे थे। जनहित को देखते हुए वन भूमि से संबंधित प्रस्ताव नियमानुसार तैयार कर ऑनलाइन अग्रिम कार्रवाई के लिए भेज दिया गया है।
उन्होंने बताया कि प्रस्ताव की प्रक्रिया के दौरान वाइल्ड लाइफ मैनेजमेंट प्लान से जुड़ी एक आपत्ति सामने आई थी, जिसके निस्तारण के लिए वाइल्ड लाइफ विभाग, देहरादून से एनओसी (NOC) आवश्यक है। इसके लिए प्रस्ताव पहले ही भेजा जा चुका है।
विभाग को उम्मीद है कि जल्द ही एनओसी प्राप्त हो जाएगी और उसे ऑनलाइन पोर्टल पर अपलोड कर दिया जाएगा। इसके बाद सड़क निर्माण की स्वीकृति मिलने का रास्ता लगभग साफ हो जाएगा।
वर्षों से सड़क सुविधा का इंतजार कर रहे फगुनियाखेत के ग्रामीणों में इस प्रगति से नई उम्मीद जगी है। यदि सभी औपचारिकताएं समय पर पूरी हो जाती हैं तो जल्द ही गांव तक सड़क पहुंचने का सपना साकार हो सकता है, जिससे ग्रामीणों को शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि और अन्य आवश्यक सेवाओं तक पहुंचने में बड़ी राहत मिलेगी।


