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नैनीताल। गर्मियां शुरू होते ही बॉडी को हाइड्रेट रखने और शरीर को ठंडक पहुंचाने के लिए लोग कई तरह के ड्रिंक्स अपनी डाइट में शामिल करते हैं।लेकिन आज आपको एक ऐसी पहाड़ी ड्रिंक के बारे में बताएंगे, जो खास उत्तराखंड के पहाड़ों पर उगने वाले लाल फूल से तैयार की जाती है।

उत्तराखंड में उगने वाले इस लाल फूल का नाम है बुरांश। औषधीय गुणों से भरपूर बुरांश पोषक तत्वों का खजाना है। कुछ शोध बताते हैं कि बुरांश के फूल में एंटी डायबटिक, एंटी इंफ्लामेटरी न और एंटी बैक्‍टीरियल गुण मौजूद होते हैं। जो सेहत को कई गजब के फायदे पहुंचाते हैं। यही वजह है कि आयुर्वेद में तो बुरांश के फूल को जादुई फूल माना जाता है। बॉलीवुड एक्ट्रेस भाग्यश्री ने उत्तराखंड के पहाड़ों पर उगने वाले इस लाल बुरांश के फूल के फायदे बताने के साथ इसकी रेसिपी भी शेयर की है।

पहाड़ी फूल बुरांश के हेल्थ बेनिफिट्स-

आयरन की कमी करें दूर-
भारत में ज्यादातर महिलाएं आयरन की कमी से परेशान रहती हैं। बुरांश के फूलों में आयरन भरपूर मात्रा में पाया जाता है। ऐसे में बुरांश का सेवन करने से शरीर में खून की कमी को पूरा किया जा सकता है। बुरांश का फूल शरीर में हीमोग्लोबिन का लेवल बढ़ाकर एनीमिया रोग से छुटकारा देता है।

कई बार ऑयली या जंक फूड खाने से गले या पेट में जलन होने लगती है। ऐसे में बुरांश के फूलों से बना जूस इस तरह की जलन से राहत देने में मदद कर सकता है।

डायबिटीज में असरदार-
बुरांश में एंटी-हिपेरग्लिसेमिक गुण पाया जाता है। जो शुगर लेवल को कंट्रोल करने का काम करता है। डायबिटीज रोगियों को बुरांश के फूलों का जूस पीने से फायदा होता है।

एंटी इंफ्लामेटरी गुणों से भरपूर बुरांश-
आयुर्वेदिक और होम्योपैथिक दवाओं में इंफ्लमेशन, गाउट, ब्रोंकाइटिस और गठिया के इलाज के लिए बुरांश के फूल और पत्तियों का उपयोग किया है। इसकी पत्तियां को इंफ्लमेशन संबंधी बीमारियों से राहत देने के लिए फायदेमंद माना जाता है।

कैसे बनाएं बुरांश का जूस?
शुगर फ्री बुरांश का जूस बनाने के लिए सबसे पहले बुरांश के फूलों को अच्छी तरह धोकर उन्हें पानी में भिगोकर कुछ देर के लिए रख दें। इसके बाद एक बर्तन में पानी गर्म करने के लिए रख दें। इस पाने में बुरांश के फूल डालकर धीमी आंच पर लगभग 202 मिनट तक पकाएं।

जब पानी का रंग गुलाबी होने के साथ आधा रह जाए तो आंच बंद करके पानी को छानकर ठंडा होने के लिए रख दें। इसके बाद इस मिक्सचर का कुछ हिस्सा गिलास में भरकर फिर ठंडा पानी डालें। आखिर में इस जूस का स्वाद बढ़ाने के लिए आप इसे चीनी या शहद के साथ मिलाकर पी सकते हैं।

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