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नैनीताल। उच्च न्यायालय में नैनीताल शहर की ट्रैफिक व्यवस्था  व बिड़ला रोड सहित नगर की सड़कों में वाहनों के बेतरतीब खड़े रहने व नगर पालिका द्वारा लेक ब्रिज और पार्किंग टेंडरों पर दायर अलग अलग जनहित याचिकाओं पर एक साथ सुनवाई हुई।

मामले में सुनवाई के बाद कोर्ट की खंडपीठ ने नैनीताल में वाहनों की भारी भीड़ को नियंत्रित करने के सम्बंध में पुलिस महानिरीक्षक कुमाऊँ को ट्रैफिक प्लान के ब्यौरे के साथ 15 अप्रैल को कोर्ट में उपस्थित होने को कहा है।
वही आज नगर पालिका की ओर से लेकब्रिज चुंगी व कार पार्किंग के संचालन के सम्बंध में नगर पालिका की ओर से दिए गए विस्तृत जबाव के बाद कोर्ट की खंडपीठ ने निर्देश दिया कि नगर पालिका ” नैनीताल इंट्री टेक्स ” केवल ‘ यू.पी.आई. स्कैनर कोड ‘ के माध्यम से वसूल करेगी। ताकि चुंगी वसूली बूथों में पैंसे के लेनदेन के कारण अनावश्यक जाम से बचा जा सके ।
आपको बता दे कि हाईकोर्ट श्रुति जोशी ने उच्च न्यायालय में जनहित याचिका दायर कर कहा है नगर में लगने वाले जाम से स्कूली बच्चों सहित अन्य लोगो को दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।

सड़को में जहां तहां वाहन पार्क किए जाने से दुर्घटनाओं की संभावनाए बनी रही है। कर्मचारी तय समय मे अपने जगह पर नही पहुँच पा रहे है। अधिक जाम लगने से पैदल चलने वाले लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।

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