मोदी 3.0 के पहले बजट में टैक्सपेयर्स को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बड़ी सौगात दी है. नए टैक्स रिजीम के तहत इनकम टैक्स स्लैब में बदलाव करने का फैसला लिया गया है।
बजट में टैक्सपेयर्स को वित्त मंत्री ने बड़ी सौगात दी है. न्यू टैक्स रिजीम चुनने वालों के लिए स्टैंडर्ड डिडक्शन ₹50,000 से बढ़ाकर ₹75,000 कर दी गई. नई टैक्स रेजीम में ₹3 लाख तक आय में कोई टैक्स नहीं लगेगा. 3-7 लाख रुपए तक कमाना वालों को 5% टैक्स, 7-10 लाख रुपए की आय पर 10% टैक्स, 10-12 लाख रुपए सैलरी पर 15% टैक्स, 12-15 लाख पर 20% और ₹15 लाख से ऊपर की आय पर 30% टैक्स चुकाना होगा.
स्टैंडर्ड डिडक्शन को 50,000 रुपये से बढ़ाकर 75,000 रुपये कर दिया गया है. इनकम टैक्स एक्ट 1961 की समीक्षा की जाएगी जिससे इसे सरल बनाया जा सके और टैक्स कानूनी मामलों में कमी लाई जा सके।
नई इनकम टैक्स रिजीम में टैक्स स्लैब
नए इनकम टैक्स रिजीम पर नजर डालें तो नए टैक्स रिजिम में 7 लाख रुपये तक जिनकी आय है उन्हें कोई टैक्स नहीं देना होता है. सरकार इनकम टैक्स एक्ट 87ए में 25,000 रुपये का टैक्स रिबेट देती है।
नई इनकम टैक्स व्यवस्था के तहत 3 लाख रुपये तक की आय पर कोई टैक्स नहीं है. 3 – 6 लाख रुपये के इनकम पर 5 फीसदी, 6 – 9 लाख रुपये तक के स्लैब पर 10 फीसदी, 9 – 12 लाख रुपये तक के स्लैब पर 15 फीसदी, 12 – 15 लाख रुपये तक के स्लैब पर 20 फीसदी और 15 लाख रुपये से ज्यादा आय पर 30 फीसदी इनकम टैक्स देना होता है।






