ब्रेकिंग न्यूज़
राजकीय बालिका इंटर कॉलेज चोरगलिया में राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 अंगीकरण दिवस पर विविध कार्यक्रम, छात्राओं ने भाषण व पोस्टर प्रतियोगिता में दिखाई प्रतिभानैनीताल में मानसिक स्वास्थ्य पर बड़ा फैसला: सभी स्कूल-कॉलेजों में होंगे मनोवैज्ञानिक काउंसलर, टोल फ्री नंबर करना होगा प्रदर्शितथानाध्यक्ष मुखानी सुशील जोशी बने निरीक्षक, एसएसपी डॉ. मंजूनाथ टी.सी. ने पीपिंग सेरेमनी में कंधों पर सजाए सितारेभीमताल : विश्व हेपेटाइटिस दिवस पर ग्राफिक एरा हिल यूनिवर्सिटी के नर्सिंग छात्रों ने जगाई स्वास्थ्य जागरूकता, नुक्कड़ नाटक व पेपर सोप गतिविधि बनी आकर्षण का केंद्रशहीद लोबगा रांगज़ेन की स्मृति में नैनीताल में तिब्बती समुदाय का विरोध प्रदर्शन, चीन के ‘एथनिक यूनिटी लॉ’ का किया विरोध
खबर शेयर करे -

हर जिले में नियुक्त होगा रजिस्ट्रेशन अधिकारी

नियमों के उल्लंघन करने पर रद्द होगा रजिस्ट्रेशन

देहरादून। उत्तराखंड सरकार राज्य में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कराने वाले कोचिंग सेंटरों शिकंजा कसने जा रही है। इन संस्थानों पर नियंत्रण के लिए सरकार एक योजना बना रही है, जिसके तहत अगर कोई संस्थान नियमों का उल्लंघन करता है जुर्माने के साथ उसका रजिस्ट्रेशन भी रद्द किया जाएगा।

उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने बताया कि इस नीति का शुरूआती ड्राफ्ट लगभग तैयार हो चुका है। राज्य में इसे लागू करने के लिए विभाग से जुड़े सभी अधिकारियों ने सहमति दी है। इसी के साथ शिक्षा मंत्री ने यह भी कहा कि इस विषय में कोचिंग सेंटर के संचालकों से भी सुझाव लिए जाएंगे।

बता दें कि केंद्र सरकार के द्वारा सभी राज्यों को कोचिंग सेंटरों पर नियंत्रण के लिए योजना बनाने का निर्देश दिया गया है। इस नीति के अंतर्गत बने नियमों के अनुसार, सभी कोचिंग सेंटरों को रजिस्ट्रेशन कराना अनिवार्य होगा।

इसके लिए हर जिले में रजिस्ट्रेशन अधिकारी नियुक्त किया जाएगा। साथ ही कोचिंग सेंटर में किसी भी तरह के विवाद को सुलझाने के लिए प्रत्येक जिले में अपीलीय प्राधिकारी भी नियुक्त किया जाएगा।

वहीं संचालक को छात्र को फीस की रसीद भी देनी होगी। यदि कोई छात्र बीच में ही कोचिंग सेंटर को छोड़ता है, तो संस्थान को बची हुई फीस को 10 दिनों में लौटानी होगी। कोर्स के बीच में फीस में कोई बदलाव नहीं किया जाएगा। तीन बार नियमों के उल्लंघन करने पर रद्द होगा रजिस्ट्रेशन छात्रों की समस्याओं के समाधान के लिए सेंटर में एक कमेटी का गठन भी किया जाएगा।

इन नियमों की पहली बार उल्लंघना करने वाले संस्थानों को 25 हजार रुपए के जुर्माने के साथ चेतावनी दी जाएगी। वहीं दूसरी बार उल्लंघना करने पर 1 लाख तक का जुर्माना होगा। इसके बाद भी अगर कोई कोचिंग सेंटर नियमों का उल्लंघन करता है तो रजिस्ट्रेशन रद्द कर दिया जाएगा।

यह भी पढ़ें :  मानव-वन्यजीव संघर्ष रोकने के लिए बने ठोस एक्शन प्लान, वन्यजीव पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा: सीएम धामी

You missed

error: Content is protected !!