हाई-रिस्क गर्भवतियों की विशेष निगरानी, बच्चों की नियमित स्वास्थ्य जांच और सर्वाइकल कैंसर वैक्सीन को लेकर अफवाहों से बचने की अपील
नैनीताल। कुमाऊँ आयुक्त एवं सचिव मुख्यमंत्री दीपक रावत ने सोमवार को नैनीताल स्थित आयुक्त कार्यालय सभागार में स्वास्थ्य विभाग की मंडलीय समीक्षा बैठक कर कुमाऊँ मंडल के सभी जिलों की स्वास्थ्य सेवाओं की विस्तृत समीक्षा की। बैठक में सभी मुख्य चिकित्सा अधिकारियों (सीएमओ) और विभागीय अधिकारियों को आमजन को गुणवत्तापूर्ण, सुलभ एवं समयबद्ध स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए।
आयुक्त ने अस्पतालों में चिकित्सकों और पैरामेडिकल स्टाफ की पर्याप्त उपलब्धता, आवश्यक दवाओं की निर्बाध आपूर्ति, चिकित्सा उपकरणों की कार्यशीलता तथा आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक प्रभावी बनाने पर जोर दिया।
बैठक में राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम (टीबी) की प्रगति की समीक्षा करते हुए उन्होंने टीबी मरीजों की समयबद्ध स्क्रीनिंग और नोटिफिकेशन में आ रही समस्याओं का शीघ्र समाधान करने, फील्ड स्तर पर संसाधन उपलब्ध कराने तथा खराब मशीनों की तत्काल मरम्मत सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
मानसून के मद्देनजर आयुक्त ने हाई-रिस्क गर्भवती महिलाओं की विशेष निगरानी के निर्देश देते हुए कहा कि आशा और एएनएम कार्यकर्ता नियमित रूप से गर्भवतियों के संपर्क में रहें तथा संभावित प्रसव तिथि से पहले उन्हें सुरक्षित अस्पताल पहुंचाने की व्यवस्था सुनिश्चित करें।
राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (आरबीएसके) की समीक्षा के दौरान विद्यालयों में बच्चों की नियमित स्वास्थ्य जांच और बीमारियों की समय रहते पहचान कर उपचार उपलब्ध कराने पर भी विशेष जोर दिया गया। इसके अलावा मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, नियमित टीकाकरण, आयुष्मान भारत योजना, संचारी एवं गैर-संचारी रोग नियंत्रण कार्यक्रमों की भी समीक्षा की गई।
वर्षा ऋतु को देखते हुए आयुक्त ने डेंगू एवं अन्य वेक्टर जनित रोगों की रोकथाम के लिए व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाने, जलभराव रोकने, फॉगिंग, लार्वा नियंत्रण और अन्य निवारक गतिविधियों को प्रभावी ढंग से संचालित करने के निर्देश दिए।
बैठक में कैंसर मरीजों के लिए रोडवेज यात्रा सुविधा उपलब्ध कराने का प्रस्ताव भी रखा गया। वहीं सर्वाइकल कैंसर टीकाकरण को लेकर सोशल मीडिया पर फैलाई जा रही भ्रामक अफवाहों पर चिंता जताते हुए आयुक्त ने स्पष्ट किया कि यह टीका पूरी तरह सुरक्षित है और विशेषज्ञ चिकित्सकों की निगरानी में लगाया जा रहा है। उन्होंने लोगों से केवल स्वास्थ्य विभाग एवं अधिकृत सरकारी स्रोतों से प्राप्त जानकारी पर ही विश्वास करने और अफवाहों से दूर रहने की अपील की।
बैठक में स्वास्थ्य निदेशक कुमाऊँ डॉ. बी.के. पुनेरा, नैनीताल की मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. रश्मि पंत सहित अल्मोड़ा, ऊधम सिंह नगर, चम्पावत, बागेश्वर और पिथौरागढ़ के मुख्य चिकित्सा अधिकारी तथा स्वास्थ्य विभाग के अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।


