भूस्खलन से यातायात प्रभावित, कई क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति बाधित, प्रशासन ने जारी की हाई अलर्ट एडवाइजरी
नैनीताल। लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने नैनीताल जिले में जनजीवन को पूरी तरह प्रभावित कर दिया है। पहाड़ों में हो रही भारी वर्षा के कारण जगह-जगह भूस्खलन और मलबा आने से सड़क संपर्क टूट गया है, जबकि कई इलाकों में बिजली आपूर्ति भी बाधित हो गई है।
जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण एवं जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र की गुरुवार सुबह जारी रिपोर्ट के अनुसार जिले में पिछले 24 घंटों के दौरान कैंचीधाम में सर्वाधिक 124.4 मिमी वर्षा दर्ज की गई।
रिपोर्ट के मुताबिक नैनीताल (स्नो व्यू) में 119 मिमी, बेतालघाट में 118.5 मिमी, मुक्तेश्वर में 96.2 मिमी, खनस्यू (ओखलकांडा) में 80 मिमी, हल्द्वानी (काठगोदाम) में 72 मिमी, कालाढूंगी में 46 मिमी तथा रामनगर में 44 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई। लगातार हो रही बारिश के चलते नदियों और बरसाती नालों का जलस्तर बढ़ गया है, जिससे कई क्षेत्रों में खतरे की स्थिति बनी हुई है।
23 सड़कें बंद, यातायात बुरी तरह प्रभावित
भारी बारिश के कारण जिले में पांच राज्य मार्ग और 18 ग्रामीण मोटर मार्ग भूस्खलन और मलबा आने से बंद हो गए हैं। बंद प्रमुख मार्गों में खुटानी-भवाली-धानाचुली, रानीबाग-भीमताल-खुटानी-पदमपुरी, गर्जिया-बेतालघाट-खैरना, रामनगर-भंडारपानी-अमगढ़ी सहित कई महत्वपूर्ण सड़कें शामिल हैं।
लोक निर्माण विभाग और संबंधित एजेंसियों की टीमें जेसीबी और अन्य मशीनों की मदद से मलबा हटाकर मार्गों को खोलने के कार्य में जुटी हुई हैं। प्रशासन का कहना है कि सभी बंद सड़कों को जल्द से जल्द यातायात के लिए सुचारु करने का प्रयास किया जा रहा है।
बारिश से दो लोगों की मौत
जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की रिपोर्ट के अनुसार वर्षा जनित घटनाओं में अब तक दो लोगों की मौत हो चुकी है। इसके अलावा एक बछिया की भी मौत हुई है। राहत की बात यह है कि अब तक किसी बड़े भवन के क्षतिग्रस्त होने की सूचना नहीं मिली है।
बिजली व्यवस्था पर भी असर
लगातार बारिश के कारण नौकुचियाताल और हैड़ाखान क्षेत्र में विद्युत आपूर्ति आंशिक रूप से प्रभावित हुई है। ऊर्जा विभाग की टीमें मौके पर पहुंचकर फॉल्ट ठीक करने और बिजली आपूर्ति बहाल करने में जुटी हुई हैं।
प्रशासन ने जारी की एडवाइजरी
जिला प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम को देखते हुए अनावश्यक यात्रा से बचें। विशेष रूप से पर्वतीय मार्गों पर सफर करने वाले लोग पूरी सावधानी बरतें और मौसम विभाग तथा प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें।
प्रशासन ने सभी संबंधित विभागों को अलर्ट मोड पर रखा है। सड़कों को शीघ्र खोलने, बिजली आपूर्ति बहाल करने और किसी भी आपदा की स्थिति से निपटने के लिए राहत एवं बचाव दलों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं।
लगातार हो रही बारिश को देखते हुए जिला प्रशासन हालात पर लगातार नजर बनाए हुए है।


