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नैनीताल। कुमाऊं विश्वविद्यालय के डीएसबी परिसर के वनस्पति विज्ञान विभाग द्वारा संचालित ‘मिशन ग्रीन’ अभियान के अंतर्गत गुरुवार को विशेष पौधारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया।

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में असम केंद्रीय विश्वविद्यालय, सिलचर के कुलपति प्रो. राजीव मोहन पंत ने प्रतिभाग करते हुए बुरांश एवं पदम के पौधों का रोपण किया।

इस अवसर पर प्रो. पंत ने कहा कि पौधारोपण प्रकृति के प्रति हमारी जिम्मेदारी और संवेदनशीलता का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि पौधे लगाना जीवन का सबसे बड़ा और सार्थक कार्य है, जो हमें पर्यावरण संरक्षण के प्रति प्रेरित करता है।

उन्होंने कहा कि आज के समय में प्रकृति के संतुलन को बनाए रखने के लिए अधिक से अधिक पौधारोपण आवश्यक है।

कार्यक्रम में बताया गया कि बुरांश (Rhododendron arboreum) उत्तराखंड का राज्य वृक्ष होने के साथ-साथ पारिस्थितिकी की ‘की-स्टोन’ प्रजाति है, जबकि पदम (Prunus cerasoides) धार्मिक महत्व रखने के साथ-साथ पर्यावरण के अनुकूल और जैव विविधता के संरक्षण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाला पौधा है।

इस दौरान प्रो. पंत को विभाग द्वारा विभिन्न शोध एवं परियोजनाओं से संबंधित पौधों के फ्लायर भी भेंट किए गए। कार्यक्रम में पूर्व डीन पंतनगर विश्वविद्यालय, कला संकाय के डीन प्रो. रजनीश पांडे, उप परीक्षा नियंत्रक डॉ. नंदन बिष्ट, प्रो. आर.सी. जोशी, प्रो. सुरेंद्र सिंह बरगली, विभागाध्यक्ष प्रो. ललित तिवारी, प्रो. ए.एस. अधिकारी, डॉ. दीपिका पंत, डॉ. नवीन पांडे, वसुंधरा, शीतल कोरंगा, लता नितवाल एवं लीला सहित अनेक शिक्षकों और विद्यार्थियों ने पौधारोपण कर प्रकृति के प्रति अपना आभार व्यक्त किया।

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