अल्मोड़ा। लोक निर्माण विभाग (लोनिवि) के एक कर्मचारी को फर्जी दस्तावेजों के आधार पर सहकारी बैंक से लाखों रुपये की क्रेडिट लिमिट हासिल करने के आरोप में अल्मोड़ा पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी पर दो अलग-अलग शाखाओं से कुल 37.50 लाख रुपये की क्रेडिट लिमिट फर्जी अभिलेखों के जरिए लेने का आरोप है।
मामले के अनुसार, उत्तराखंड राज्य सहकारी बैंक लिमिटेड के शाखा प्रबंधक की ओर से अक्टूबर 2025 में कोतवाली अल्मोड़ा में मुकदमा दर्ज कराया गया था। शिकायत में बताया गया कि उस समय लोक निर्माण विभाग के अधीक्षण अभियंता प्रथम वृत्त, अल्मोड़ा कार्यालय में यूडीसी (वरिष्ठ लिपिक) हिमांशु कुमार तैनात था। उसने फर्जी दस्तावेज तैयार कर बैंक से 19 लाख रुपये की क्रेडिट लिमिट प्राप्त कर ली।
जांच के दौरान यह भी सामने आया कि आरोपी ने 20 सितंबर 2025 को उत्तराखंड राज्य सहकारी बैंक की काशीपुर शाखा से भी कथित रूप से फर्जी दस्तावेजों के आधार पर 18.50 लाख रुपये की क्रेडिट लिमिट हासिल की थी। इस तरह आरोपी पर कुल 37.50 लाख रुपये की बैंक धोखाधड़ी करने का आरोप है।
पुलिस जांच में बैंक प्रबंधन द्वारा लगाए गए आरोप सही पाए गए। इसके बाद वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अल्मोड़ा चंद्रशेखर आर. घोड़के के निर्देश पर पुलिस टीम ने कार्रवाई करते हुए आरोपी हिमांशु कुमार को लोक निर्माण विभाग कार्यालय, लोहाघाट से गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी हिमांशु कुमार मूल रूप से ग्राम धारकोट रांछी, तहसील मुनस्यारी, जिला पिथौरागढ़ का निवासी है। वर्तमान में वह देवलचौड़, मानपुर पश्चिम, हल्द्वानी (जनपद नैनीताल) में रह रहा था।
पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश करने की कार्रवाई शुरू कर दी है। मामले में बैंक धोखाधड़ी, फर्जी दस्तावेज तैयार करने और उनका उपयोग कर वित्तीय लाभ लेने से जुड़े विभिन्न पहलुओं की जांच जारी है। पुलिस यह भी पता लगा रही है कि इस पूरे प्रकरण में किसी अन्य व्यक्ति की भूमिका तो नहीं रही।

Advertisement
यह भी पढ़ें :  नैनीताल में धूमधाम से मनाया गया महर्षि वाल्मीकि प्रकटोत्सव, भव्य शोभायात्रा में दिखा भक्ति और आस्था का संगम

You missed

❌ Content Protection Enabled: Right-click & text copying is disabled on this website.