UGC के विरोध में स्वर्ण समाज मुखर, भाजपा के खिलाफ हुंकार
‘समान समाज, समृद्ध भारत’ के संकल्प के साथ एकजुट हुआ स्वर्ण समाज, तीन प्रमुख मांगों को लेकर उठाई आवाज
हल्द्वानी। UGC के विरोध और इसे वापस लिए जाने की मांग को लेकर शनिवार को हल्द्वानी में स्वर्ण समाज की ओर से स्वर्ण जन सम्मेलन का आयोजन किया गया।
सम्मेलन में स्वर्ण समाज के बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया और UGC को लेकर अपनी आपत्तियां एवं नाराजगी व्यक्त करते हुए केंद्र सरकार से इसे वापस लेने की मांग की।
सम्मेलन में शांभवी पीठाधीश्वर आनंद स्वरूप महाराज भी शामिल हुए। इस दौरान वक्ताओं ने स्वर्ण समाज को संगठित करने, सामाजिक एकजुटता बढ़ाने तथा ‘समान समाज, समृद्ध भारत’ के संकल्प को आगे बढ़ाने पर विचार रखे। सम्मेलन में UGC Roll Back की मांग प्रमुखता से उठाई गई।
वक्ताओं ने कहा कि UGC को लेकर स्वर्ण समाज अब एकजुट होकर अपनी आवाज बुलंद करेगा। सम्मेलन में समाज की ओर से केंद्र सरकार के समक्ष तीन प्रमुख मांगें रखी गईं। इनमें देश में आरक्षण का आधार केवल आर्थिक स्थिति को बनाए जाने, UGC को वापस लिए जाने तथा कानूनों को सभी वर्गों के लिए समान रूप से लागू कर उन्हें सुरक्षा प्रदान किए जाने की मांग शामिल रही।
केंद्र सरकार की नीतियों पर जताई नाराजगी
सम्मेलन के दौरान वक्ताओं ने केंद्र सरकार की विभिन्न नीतियों को लेकर भी नाराजगी जाहिर की। उन्होंने कहा कि समाज के हितों से जुड़े मुद्दों को लेकर सरकार को गंभीरता से विचार करना चाहिए। वक्ताओं ने सामाजिक समानता और सभी वर्गों के लिए समान व्यवस्था की आवश्यकता पर जोर दिया।
सम्मेलन में मौजूद लोगों ने कहा कि स्वर्ण समाज अपने मुद्दों को लेकर लंबे समय से आवाज उठा रहा है और अब इसे व्यापक स्तर पर संगठित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि समाज की मांगों को सरकार तक पहुंचाने के साथ-साथ आगामी दिनों में आंदोलन और जनजागरूकता की रणनीति भी तैयार की जाएगी।
2027 के विधानसभा चुनाव को लेकर भी दी चेतावनी

सम्मेलन के दौरान आगामी 2027 के विधानसभा चुनाव को लेकर भी राजनीतिक चेतावनी दी गई। मौजूद लोगों ने कहा कि यदि UGC को वापस नहीं लिया गया तो इसका राजनीतिक असर आगामी विधानसभा चुनाव में देखने को मिल सकता है। वक्ताओं ने दावा किया कि UGC Roll Back नहीं होने की स्थिति में भाजपा को इसका राजनीतिक खामियाजा भुगतना पड़ सकता है और ‘10 सीट भी नहीं मिलने’ जैसी स्थिति का सामना करना पड़ सकता है।
सम्मेलन में वक्ताओं ने कहा कि समाज अब अपने मुद्दों को लेकर चुप नहीं बैठेगा और राजनीतिक दलों को भी समाज की मांगों को गंभीरता से लेना होगा।
आगामी रणनीति पर हुआ मंथन
स्वर्ण जन सम्मेलन में समाज की एकजुटता, संगठन को मजबूत करने और भविष्य की रणनीति को लेकर भी चर्चा की गई। वक्ताओं ने कहा कि सामाजिक हितों से जुड़े मुद्दों को लेकर प्रदेश और देशभर में समाज के लोगों को जोड़ने का प्रयास किया जाएगा।
सम्मेलन में मौजूद लोगों ने UGC Roll Back, आर्थिक आधार पर आरक्षण और सभी वर्गों के लिए समान कानून एवं सुरक्षा व्यवस्था की मांग को लेकर आगे भी अपनी आवाज बुलंद रखने का संकल्प जताया।




