नैनीताल/ज्योलीकोट। ज्योलीकोट क्षेत्र में दूषित पेयजल के सेवन से तीन लोगों की मौत के बाद क्षेत्र में पेयजल व्यवस्था को लेकर चिंता बनी हुई है। इसी क्रम में भाजपा के वरिष्ठ नेता हेमचंद आर्य दिवंगत नीमा जोशी के परिवार से मिलने पहुंचे और शोक संतप्त परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त की। उन्होंने तीन लोगों की मौत पर गहरा दुख जताते हुए ग्रामीणों से भी मुलाकात की और करीब एक घंटे तक क्षेत्र की पेयजल समस्या, उसके संभावित कारणों और समाधान को लेकर चर्चा की।
ग्रामीणों ने हेमचंद आर्य को बताया कि क्षेत्र में लंबे समय से पुरानी पेयजल पाइपलाइन के कारण लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों का कहना था कि करीब 40 साल पुरानी पाइपलाइन को बदलने की आवश्यकता है, ताकि लोगों को स्वच्छ और सुरक्षित पेयजल उपलब्ध हो सके।
ग्रामीणों की समस्या को गंभीरता से लेते हुए हेमचंद आर्य ने जल संस्थान के अधिकारियों से संपर्क किया। उन्होंने सहायक अभियंता गौरव कार्की से पुरानी पाइपलाइन को बदलकर नई पाइपलाइन बिछाने की मांग की। साथ ही उन्होंने कहा कि जब तक नई पेयजल लाइन का निर्माण पूरा नहीं हो जाता, तब तक ग्रामीणों को नियमित रूप से टैंकरों के माध्यम से स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराया जाए।
हेमचंद आर्य ने विभागीय अधिकारियों से यह भी कहा कि पेयजल संकट को केवल अस्थायी रूप से नहीं, बल्कि स्थायी समाधान के साथ दूर किया जाना चाहिए, ताकि भविष्य में ग्रामीणों को दूषित पानी की समस्या का सामना न करना पड़े।
ग्रामीणों के अनुसार, हेमचंद आर्य द्वारा विभागीय अधिकारियों से संपर्क कराने के बाद जल संस्थान के अधिकारियों ने मामले में सक्रियता दिखाई। ग्रामीणों का कहना है कि वर्तमान में गोपाल सिंह कार्की, सहायक अभियंता, द्वारा गांव में पेयजल व्यवस्था की विशेष निगरानी की जा रही है। पेयजल से संबंधित शिकायत या फोन आने पर तत्काल जानकारी ली जा रही है और गांव में प्रतिदिन टैंकरों से पानी पहुंचाए जाने की जानकारी भी ग्रामीणों को उपलब्ध कराई जा रही है।
जल संस्थान के उच्च अधिकारियों ने भी हेमचंद आर्य को आश्वासन दिया है कि पेयजल समस्या के समाधान के लिए आवश्यक कार्य जल्द पूरा किया जाएगा और ग्रामीणों को स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने की दिशा में कार्रवाई की जाएगी।
ग्रामीणों ने कहा कि संकट की इस घड़ी में हेमचंद आर्य द्वारा गांव पहुंचकर पीड़ित परिवार से मुलाकात करने, ग्रामीणों की समस्याएं सुनने और उन्हें विभागीय अधिकारियों तक पहुंचाने के लिए उनका आभार व्यक्त किया।
ग्रामीणों ने कहा कि उन्होंने अपने स्तर से समस्या को अधिकारियों तक पहुंचाने और लगातार फॉलोअप करने का प्रयास किया है। ग्रामीणों ने हेमचंद आर्य के प्रयासों की सराहना करते हुए उन्हें साधुवाद दिया।





































