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 पर्यटक नगरी रानीखेत के सिविल एरिया को छावनी से पृथक कर रानीखेत चिलियानौला नगरपालिका परिषद में शामिल करने का प्रस्ताव पास होने पर विधायक डॉक्टर प्रमोद नैनवाल का किया स्वागत, जताया आभार।

रिपोर्ट- बलवन्त सिंह रावत 

रानीखेत। पर्यटक नगरी रानीखेत के सिविल एरिया को छावनी से पृथक कर रानीखेत चिलियानौला नगरपालिका परिषद में शामिल कराने को लेकर उत्तराखण्ड सरकार ने कैबिनेट से पास किये जाने पर भाजपा कार्यकर्ताओ, होटल एसोसिएशन एवं स्थानीय नागरिको द्वारा क्षेत्रीय विधायक डॉक्टर प्रमोद नैनवाल का ढोल नगाड़ों के साथ रानीखेत पहुचने पर माल्यार्पण के साथ भव्य स्वागत किया। जिसके बाद नगर वासियो ने नगर में जनमिलन के साथ धन्यवाद ज्ञापित किया। विधायक प्रमोद नैनवाल ने समस्त क्षेत्र वासियो को मकर सक्रांति की शुभकामनाएं दी।

क्षेत्रीय विधायक डॉक्टर प्रमोद नैनवाल ने बताया कि मेरे द्वारा अनेकों बार मुख्यमंत्री एवं रक्षा मंत्री के समक्ष रानीखेत के सिविल एरिया को नगर पालिका मे मिलाये जाने का निवेदन किया गया था। आज इस विवदान को स्वीकार करने पर मैं इस ऐतिहासिक, साहसिक, जनप्रिय निर्णय के लिए देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी व सांसद अजय टम्टा का हृदय से कोटि कोटि आभार। 

क्षेत्रीय विधायक डॉक्टर प्रमोद नैनवाल ने बताया कि देश की आजादी के 75 वर्षों बाद गुलामी की दस्ता छावनी से नागरिक क्षेत्र (सिविल ऐरिया) में रहने वाले रानीखेत के नागरिकों को शीघ्र आजादी मिलेगी।

जहां शहरी विकास के क्षेत्र में पूरे देश भर में आमूल चूल परिवर्तन हुए, वही छावनियों जो कभी स्मार्ट टाउन के रूप में जाना जाता था। जटिल कानूनों, विकास विरोधी सोच, गुलामी की मानसिकता, कुप्रबंधन, परिवारवाद व लचर व्यवस्था की वजह से शहरी विकास नियोजन के मापदंडों में पिछड़ती चली गई और विश्व विख्यात रानीखेत भी इससे अछूता नहीं रहा।

सिविल एरिया क्षेत्र के नगर पालिका बनने से केंद्र सरकार और राज्य सरकार की विभिन्न योजनाओं, जिनसे रानीखेत हमेशा वंचित रहा है का लाभ क्षेत्र की जनता, स्थानीय लोगों, व्यापारियों व यहां घूमने आने वाले पर्यटकों को मिल सकेगा और आने वाले समय में आपार पर्यटन संभावनाओं से सुपोषित इस क्षेत्र का चहुमुखी, समकेतिक व समग्र विकास होगा। 

विधायक ने कहा कि पर्यटन को और कैसे आगे बढ़या जाए इसके लिए दलमोटी में जंगल सफारी की स्थापना, चौबटिया गार्डन को विकसित करना जैसे काम मेरी प्राथमिकताओं में है। जिससे यहां पर पर्यटन से जुड़े रोजगार के अवसर बढ़ेंगे, रानीखेत पर्यटन की धुरी बन सकता है इस क्षेत्र में नए-नए पर्यटन स्थल केंद्र भी विकसित हो सकेंगे।

इससे इस पूरे क्षेत्र के युवा पलायन की बहुत बड़ी समस्या का भी समाधान होगा, क्षेत्र की पारंपरिक, सांस्कृतिक विरासत, परिवारों के साथ साथ यहां का अस्तित्व भी बचा रहेगा।

विधायक ने कांग्रेस पर हमला बोलते हुए कहा कि पूर्व विधायक के जीजा, पूर्व मुख्यमंत्री रहे है, लेकिन तब भी वह रानीखेत नगर पालिका का प्रस्ताव पास नहीं करा सके, क्योंकि उनकी नीयत साफ़ नहीं थी। लेकिन भाजपा की डबल इंजन की सरकार की साफ़ नियत से काम करने का परिणाम क्षेत्रीय जनता के सामने आने लगा है, और आगे भी आता रहेगा। उन्होंने कहा कि रानीखेत के विकास के लिए वह लगातार प्रयासरत है। रानीखेत नगर की सड़को के सुधारीकरण के लिए 5 करोड़ का प्रस्ताव दिया जा रहा है।

इसके अतिरिक्त रानीखेत, चिलियानौला की पेयजल व्यवस्था के लिए 97 करोड़ का प्रस्ताव भेजा गया है, जो जल्द ही स्वीकृत होने जा रहा है। उन्होंने कहा की आज से पहले नगर में एक करोड़ के नलकूप का तीन बार उद्घाटन करके केवल श्रेय की राजनीति हो रही थी।

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