देहरादून। नियमितीकरण की आस में बैठे संविदा कर्मचारियों के लिए अच्छी खबर निकलकर सामने आ रही है।

नियमितीकरण की आस में बैठे संविदा कर्मचारियों के लिए अच्छी खबर निकलकर सामने आ रही है।

सरकार ने वर्ष 2018 तक 10 साल की सेवा पूरी कर चुके सभी कर्मचारियों को नियमित करने का फैसला लिया है। सरकार के इस फैसले के बाद सभी संविदा कर्मचारियों के चेहरे पर मुस्कान आ गई है।

Contract Employees regularization नियमित करने के प्रस्ताव को मंजूरी

दरअसल, पिछले हफ्ते बुधवार को धामी सरकार के अध्यक्षता में कैबिनेट की बैठक बुलाई गई।

इस बैठक में कई अहम प्रस्तावों पर मुहर लगाई गई साथ ही संविदा कर्मचारियों को नियमित करने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दे दी है।

कैबिनेट बैठक में सरकार ने संविदा कर्मचारियों के विनियमितीकरण के विषय में कट आफ डेट वर्ष 2018 तय कर दी है। वर्ष 2018 तक 10 वर्ष की सेवा पूरी कर चुके कर्मचारियों को किया विनियमित किया जाएगा।

वहीं, उपनल कर्मचारियों को नियमित करने, न्यूनतम वेतन और महंगाई भत्ते के लिए मंत्रिमंडल की उप समिति का गठन किया जाएगा। जो दो महीने में सरकार को अपनी रिपोर्ट देगी।

पिछले कई दिनों नियमितीकरण की मांग कर रहे संविदाकर्मी

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आपको बता दें कि उत्तराखंड में नियमितीकरण की मांग को लेकर संविदाकर्मी पिछले कई दिनों से देहरादून के परेड ग्राउंड पर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं।

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हालांकि, बुधवार को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की कैबिनेट बैठक में यह मुद्दा उठा, जिसके बाद एक उपसमिति गठित करने का निर्णय लिया गया, जो दो महीने में रिपोर्ट देगी।

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लेकिन इसके बाद भी संविदाकर्मियों ने इस फैसले को अस्वीकार करते हुए कहा है कि जब तक सरकार की ओर से लिखित आश्वासन नहीं मिलता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।

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