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नैनीताल। जिलाधिकारी वंदना सिंह की अध्यक्षता में बुधवार को नैनीताल राज्य अतिथि गृह सभागार में जिला योजना 2024-25 , संरचना की तैयारी के संबंध में विभागीय अधिकारियों की बैठक आयोजित की गई।

जिसमें जिला योजना के तहत सामान्य में 5592.10 लाख, एससीएसपी (अनुसूचित जातीय उप-योजना) के लिए 1347.30 लाख और टीएसपी ( जन जातीय उप योजना) के लिए 81.10 लाख और कुल 7020.50 लाख की धनराशि प्रस्तावित की गयी है।

जिलाधिकारी ने जिला योजना के अंतर्गत निर्मित योजनाओं के रख रखाव हेतु धनराशि का प्राविधान करते समय मितव्यवता को ध्यान में रखने की बात कही। उन्होंने स्वरोजगार और आत्मनिर्भरता बढ़ावा देने के लिए उद्यान, मत्स्य पालन, पशुपालन आदि विभागों और आजीविका से संबंधित कार्यों के प्रस्तावों को सम्मिलित करने को कहा, जिससे केंद्र, राज्य सरकार की योजनाओं से अभिसरण और कल्सटर अप्रोच को बढ़ावा दिया जा सके।

बताया कि रोजगार के ऐसे अवसरों का सृजन करने की जरुरत है, जिससे भूमिहीन, छोटे किसानों , ग्रामीण उद्यमियों आदि को बेहतर लाभ मिल सके। उन्होंने योजनाओं के गहन परीक्षण के बाद अनावश्यक योजनाएं जिसकी उपायदेयता अब क्षेत्र के आवश्यक नहीं है, उन्हें समीक्षा के बाद हटाने के निर्देश दिए।

अंतर्विभागीय समन्वय की आवश्यकता
बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने जल संस्थान, लघु सिंचाई, वन- पर्यावरण आदि विभागों में मरम्मत की योजनाओं पर धन राशि आवंटित करने से पूर्व निर्माण वर्ष और मरम्मत की पुनरावृत्तियों को आवश्यक रूप से संज्ञान में लाने के निर्देश दिए।

बताया कि जिला योजना के अंतर्गत स्थानीय स्तर पर किये जा रहे नवाचार कार्यक्रमों को लेना आवश्यक है। जिससे लोगों को योजना का बेहतर लाभ मिलेगा।

सफल अभिनव परियोजनाएं के अंतर्गत वेलनेस सेंटर का विकास, आयुष विकास, कौशल कार्यक्रम रोजगार परक योजनाओं को प्राथमिकता देने की बात कही।

बैठक मुख्य विकास अधिकारी अशोक कुमार पांडे, नगर आयुक्त विशाल मिश्रा, डी डी ओ गोपाल गिरी गोस्वामी, मुख्य शिक्षा अधिकारी जे एम सोनी, जिला पर्यटन अधिकारी अतुल भंडारी समेत सभी विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।

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