हल्द्वानी। कैम्प कार्यालय में आयोजित जनसुनवाई कार्यक्रम में आयुक्त/सचिव मुख्यमंत्री दीपक रावत ने जनता की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए कई मामलों में मौके पर ही समाधान किया।
शनिवार को आयोजित इस कार्यक्रम में भूमि विवाद, सोलर कंपनियों की लापरवाही, भरण-पोषण, और होटलों में अवैध जल कनेक्शन जैसे मामलों पर सख्त रुख अपनाया गया।
बगड़ मल्ला क्षेत्र के निवासियों ने सरकारी पेयजल लाइनों से होटलों को अवैध कनेक्शन दिए जाने की शिकायत की, जिस पर आयुक्त ने नाराजगी जताते हुए जल संस्थान के अधिकारियों को तलब कर फटकार लगाई और तत्काल स्थलीय निरीक्षण कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।
भूमि विवाद के मामलों में भी आयुक्त ने सख्ती दिखाई। उन्होंने स्पष्ट कहा कि भू-अभिलेख केवल रिकॉर्ड रूम में ही सुरक्षित रखे जाने चाहिए, तहसीलों में नहीं। इस संबंध में कुमाऊं मंडल के सभी जिलाधिकारियों को आवश्यक निर्देश जारी किए गए।
जनसुनवाई में रानीखेत निवासी भगवती देवी के भूमि विवाद मामले में बड़ी राहत मिली। शिकायत पर कार्रवाई करते हुए आयुक्त ने 22 लाख रुपये की धनराशि वापस कराने के निर्देश दिए थे, जिसमें से 20.85 लाख रुपये वापस दिला दिए गए हैं, जबकि शेष 1.15 लाख रुपये भी जल्द दिलाने के निर्देश दिए गए।
सोलर कंपनी द्वारा सर्विस और सब्सिडी न देने की शिकायत पर आयुक्त ने कहा कि उपभोक्ताओं को एग्रीमेंट की जानकारी होना जरूरी है। उन्होंने चेतावनी दी कि भविष्य में ऐसी शिकायतें मिलने पर संबंधित कंपनियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
इसके अलावा बाजपुर निवासी राजप्रीत कौर के भूमि अभिलेख क्षतिग्रस्त होने के मामले को भी गंभीरता से लेते हुए जांच के निर्देश दिए गए। वहीं, हल्द्वानी के जय महालक्ष्मी ज्वेलर्स में हुई चोरी के मामले में संबंधित पुलिस अधिकारियों को जांच तेज करने और अगली जनसुनवाई में रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा गया।
आयुक्त ने तहसील स्तर के अधिकारियों को निर्देश दिए कि छोटी-छोटी समस्याओं को भी गंभीरता से लेकर त्वरित समाधान करें, ताकि आम जनता को बार-बार भटकना न पड़े।
जनसुनवाई में पेंशन, संपत्ति विवाद, धनराशि वापसी, स्थायी नियुक्ति समेत कई अन्य मामलों पर भी सुनवाई कर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए।

