उधम सिंह नगर। काशीपुर में 17 वर्षीय किशोर मुरसलीन की संदिग्ध मौत के मामले में नया मोड़ आ गया है। मृतक के पिता द्वारा हत्या की आशंका जताते हुए नैनीताल हाईकोर्ट में दायर याचिका पर सुनवाई के बाद अदालत ने शव का दोबारा पोस्टमार्टम कराने के आदेश दिए हैं।
कोर्ट के निर्देशों के अनुपालन में रविवार को प्रशासन, पुलिस और फोरेंसिक टीम की मौजूदगी में कब्र से शव निकालकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया।
नई बस्ती कटोराताल निवासी इमरान अली के बेटे मुरसलीन का शव 17 मई 2026 की सुबह घर की तीसरी मंजिल पर स्थित एक कमरे में फंदे से लटका मिला था। सूचना पर पहुंची पुलिस ने पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम कराया था, जिसमें मौत का कारण दम घुटना बताते हुए आत्महत्या की संभावना जताई गई थी। इसके बाद शव को दफना दिया गया था।
मृतक के पिता इमरान अली का आरोप है कि दफनाने के बाद जब उन्होंने घटनास्थल का निरीक्षण किया तो कमरे में खून के निशान और खून से सनी चादर मिली। उनका कहना है कि बेटे के सिर और चेहरे पर गंभीर चोटों के निशान थे, जो आत्महत्या की कहानी पर सवाल खड़े करते हैं। पिता ने आशंका जताई कि उनके बेटे की हत्या की गई है।
परिजनों के अनुसार मुरसलीन का मोहल्ले की एक युवती से प्रेम प्रसंग था और युवती के भाई इस रिश्ते का विरोध करते थे। परिवार का दावा है कि मुरसलीन को पहले भी धमकियां दी गई थीं।
पीड़ित पक्ष के अधिवक्ता मोहम्मद अलीम ने बताया कि मामले में पुलिस की ओर से देरी से कार्रवाई की गई। एसएसपी, एसडीएम और जिलाधिकारी को शिकायत देने के बावजूद सुनवाई नहीं होने पर परिवार ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया। अदालत में चोटों और घटनास्थल से जुड़े फोटोग्राफ प्रस्तुत किए गए, जिसके बाद हाईकोर्ट ने 3 जून को शव का पुनः पोस्टमार्टम कराने का आदेश जारी किया।
उधर, उपजिलाधिकारी काशीपुर अभय प्रताप सिंह ने बताया कि हाईकोर्ट के आदेश के तहत सभी कानूनी और प्रशासनिक प्रक्रियाओं का पालन करते हुए शव को कब्र से निकाला गया है। मौके पर फोरेंसिक विशेषज्ञ, मेडिकल अधिकारी, राजस्व विभाग और पुलिस की टीम मौजूद रही। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
परिवार ने मामले की निष्पक्ष जांच के लिए आईजी स्तर के अधिकारी की निगरानी में जांच कराने की मांग की है। अब सभी की निगाहें दूसरी पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर टिकी हैं, जिससे मौत की असल वजह सामने आने की उम्मीद है।



