नैनीताल में पशु कल्याण कार्यकर्ता गौरी मौलखी ने डॉग शेल्टर का निरीक्षण किया और नगर पालिका पर

कुत्तों पर अत्याचार करने का आरोप लगाया

रिपोर्टर- गुड्डू सिंह ठठोला 

नैनीताल। नगर में लोगों को आवारा कुत्तों के आतंक से निजात दिलाने के लिए उच्च न्यायालय में हुई सुनवाई के बाद उच्च न्यायालय ने खूंखार आवारा कुत्तों को पकड़कर बाड़े में बंद करने के जो निर्देश दिए थे। आज पशु कल्याण कार्यकर्ता गौरी मौलखी ने डॉग शेल्टर का निरीक्षण किया, और नगर पालिका पर कुत्तो के साथ अत्याचार करने का आरोप लगाया।

    उच्च न्यायालय में नगर पालिका के अधिशाषी अभियंता ने एफिडेविट पेश कर बताया कि उन्होंने 25 खूंखार कुत्तो को बाड़े में रखा है, जिसके बाद आज गौरी मौलखी ने डॉग शेल्टर का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने नगर पालिका पर आरोप लगाते हुए कहा नगर पालिका द्वारा कोर्ट के आदेशों की अवहेलना करते हुए महज खानापूर्ति करते हुए 25 में से 12 कुत्तों को बाड़े में रखा है।

अन्य 13 कुत्तो का कोई आता पता नही है। कहा कि कोई भी कुत्ता खूंखार किस्म का नही है, कुत्तो की न तो सही तरीके से देखभाल की जा रही है और न ही बाड़े की साफसफाई की जा रही है। उन्होंने कहा कि नगर पालिका द्वारा पशु क्रुरता अधिनियमों का पालन नही किया जा है। जिसको लेकर वे सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर करेगी।

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