हल्द्वानी। आमतौर पर उत्तराखंड और कुमाऊँ में खरीफ धान की कटाई सितंबर-अक्टूबर में होती है। और कुमाऊं में भी धान की कटाई के साथ धान खरीद का काम भी तेजी से विभाग द्वारा किया जा रहा है।

उत्तराखंड सरकार ने आढ़तियों से इस वर्ष कुल 5.25 लाख टन धान खरीदने का लक्ष्य निर्धारित किया है। इसमें कुमाऊँ मंडल को 4.25 लाख और गढ़वाल मंडल को 0.5 लाख टन का लक्ष्य दिया गया है।

इसके लिए किसानों को पंजीकरण कराना अनिवार्य होगा और ई-खरीद पोर्टल पर पंजीकृत किसानों को 48-72 घंटे के भीतर भुगतान करने का निर्देश दिया गया है।

किसानों को अब तक 80 प्रतिशत धान खरीद का भुकतान किया जा चुका है आरएफसी चंद्र सिंह मार्तोलिया ने बताया की 1 अक्टूबर 2025 से प्रदेश में 625 केंद्रों पर धान (और मंडुवा) की खरीद शुरू कर दी गई है। वही कुमाऊँ मंडल में धान खरीद के 276 केंद्र बनाए गये है ।

जहाँ न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) धान के लिए सामान्य श्रेणी में ₹2369 प्रति क्विंटल और ग्रेड-A श्रेणी के लिए ₹2389 प्रति क्विंटल तय किया गया है।

अब तक विभाग द्वारा 22 प्रतिशत धान का क्रय कर लिया गया है बाकि 30 नवम्बर तक 100 प्रतिशत लक्ष्य को पूरा करने की उम्मीद है ।

धान खरीद के किये 31 दिसंबर तक की तिथि नियत की गई है वही मौसम में सुधार आने के बाद किसानों ने कटाई व धान बेचने की गतिविधि मे तेजी दिखाई दी है।

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