हल्द्वानी। गोरापड़ाव क्षेत्र में देर रात एक ऑफिस में हथियारबंद बदमाशों द्वारा लाखों रुपये की लूट किए जाने से हड़कंप मच गया। बताया जा रहा है कि ऑफिस में कुछ लोग जुआ खेल रहे थे, इसी दौरान हथियारों से लैस 10 से अधिक बदमाश वहां पहुंचे और मौजूद लोगों को डराकर लूट की बड़ी वारदात को अंजाम दिया।
बदमाश नकदी के साथ वहां मौजूद लोगों की सोने की चेन और अंगूठियां भी लूटकर फरार हो गए।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। पुलिस की टीमें तत्काल मौके पर पहुंचीं और घटनास्थल का निरीक्षण कर मामले की जांच शुरू कर दी। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार बदमाश करीब 8 लाख रुपये की नकदी, सोने की चेन, अंगूठियां और 12 मोबाइल फोन लूटकर ले गए हैं। हालांकि पुलिस का कहना है कि जांच आगे बढ़ने के साथ लूटे गए सामान और रकम का वास्तविक आंकड़ा स्पष्ट होगा।
सीसीटीवी की डीवीआर भी साथ ले गए बदमाश
लूट की वारदात को अंजाम देने के बाद बदमाश ऑफिस में लगे सीसीटीवी कैमरों की डीवीआर भी अपने साथ ले गए, जिससे पुलिस के सामने घटनाक्रम की कड़ियां जोड़ने की चुनौती बढ़ गई है। हालांकि पुलिस को घटनास्थल से कुछ दूरी पर लगे अन्य सीसीटीवी कैमरों से अहम सुराग मिले हैं। इन कैमरों में कथित तौर पर बदमाशों की दो गाड़ियां घटनास्थल से जाते हुए दिखाई दी हैं।
पुलिस अब इन वाहनों की पहचान और उनके रूट को ट्रेस करने में जुटी है। आसपास के अन्य सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है, ताकि बदमाशों के आने-जाने के रास्ते और उनकी पहचान से जुड़े सुराग जुटाए जा सकें।
खुलासे के लिए चार पुलिस टीमें गठित
एसपी सिटी मनोज कत्याल ने बताया कि प्रारंभिक तौर पर करीब 8 लाख रुपये, सोने की चेन, अंगूठियां और 12 मोबाइल फोन लूटे जाने की जानकारी सामने आई है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने घटना के खुलासे के लिए चार टीमें गठित की हैं। टीमें अलग-अलग बिंदुओं पर जांच कर रही हैं और संदिग्धों की तलाश में दबिश भी दी जा रही है।
पुलिस ऑफिस में मौजूद लोगों से भी पूछताछ कर रही है और घटना से पहले तथा बाद में वहां मौजूद लोगों की गतिविधियों की जानकारी जुटाई जा रही है। साथ ही मोबाइल फोन और वाहनों से जुड़े तकनीकी इनपुट भी जांच का हिस्सा बनाए जा रहे हैं।
बाहरी गैंग होने की आशंका
पुलिस को शुरुआती जांच में आशंका है कि वारदात को अंजाम देने वाला गिरोह उत्तराखंड से बाहर का हो सकता है। बदमाशों की संख्या 10 से अधिक बताए जाने और सुनियोजित तरीके से सीसीटीवी की डीवीआर ले जाने की वजह से पुलिस इसे योजनाबद्ध लूट की घटना मानकर जांच कर रही है।
पुलिस अब यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि बदमाशों को ऑफिस में मौजूद नकदी और वहां लोगों के जुआ खेलने की जानकारी कैसे मिली। इस बिंदु पर भी जांच केंद्रित की जा रही है कि कहीं वारदात से पहले किसी ने रेकी तो नहीं की थी।
जल्द खुलासे का दावा
एसपी सिटी मनोज कत्याल ने भरोसा जताया है कि पुलिस जल्द ही वारदात का खुलासा करेगी। चार टीमों को अलग-अलग जिम्मेदारियां सौंपकर बदमाशों की तलाश शुरू कर दी गई है। पुलिस का दावा है कि सीसीटीवी फुटेज, तकनीकी साक्ष्यों और अन्य सुरागों के आधार पर आरोपियों तक पहुंचने का प्रयास तेज कर दिया गया है।
फिलहाल गोरापड़ाव में हुई इस बड़ी लूट की वारदात से क्षेत्र में दहशत का माहौल है। पुलिस की जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि वारदात में कितने लोग शामिल थे और लूट की कुल रकम व जेवरात की वास्तविक कीमत कितनी है।










