नैनीताल। डीएसबी परिसर में बुधवार को ‘रोल ऑफ एआई इन एजुकेशन’ विषय पर वाद-विवाद प्रतियोगिता का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन के साथ हुआ, जिसमें अधिष्ठाता छात्र कल्याण प्रो. संजय पंत, निदेशक विजिटिंग प्रोफेसर डॉ. ललित तिवारी, प्रो. सुषमा टम्टा, प्रो. नीलू लोधयाल, डॉ. दीपिका पंत, डॉ. अमित मेलकानी और डॉ. हर्षवर्धन चौधरी उपस्थित रहे।
प्रतियोगिता में प्रथम पुरस्कार 5000 रुपये, द्वितीय 4000 रुपये, तृतीय 3000 रुपये तथा सांत्वना पुरस्कार 1000 रुपये निर्धारित किया गया था।
इस अवसर पर प्रो. संजय पंत ने कहा कि एआई आज के दौर का महत्वपूर्ण टूल है, जो वास्तविकताओं को दर्शाता है। वहीं डॉ. ललित तिवारी ने कहा कि एआई जहां कार्यों को आसान बनाता है, वहीं यह मानव की कार्य क्षमता को प्रभावित भी कर सकता है, इसलिए इसका सावधानीपूर्वक उपयोग आवश्यक है।
प्रतिभागियों ने एआई के सकारात्मक और नकारात्मक पहलुओं पर विस्तार से अपने विचार रखे।
विद्यार्थियों ने कहा कि एआई कार्यों को मिनटों में पूरा करने में सक्षम है, लेकिन इससे मानव श्रम पर भी प्रभाव पड़ रहा है।

