उत्तराखंड के हिमालयी क्षेत्रों में हिमस्खलन को लेकर चेतावनी जारी की गई है। यह अलर्ट रविवार शाम पांच बजे तक प्रभावी रहेगा। इसके तहत उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, पिथौरागढ़ और बागेश्वर जिलों में येलो अलर्ट, जबकि चमोली जिले में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।
डीजीआरई ने जारी की चेतावनी
चंडीगढ़ स्थित रक्षा भू-सूचना विज्ञान अनुसंधान संस्थान (DGRI/DGRE) ने शनिवार को उत्तराखंड के ऊंचाई वाले पर्वतीय इलाकों में हिमस्खलन की चेतावनी जारी की। यह अलर्ट शनिवार शाम 5 बजे से 25 जनवरी शाम 5 बजे तक प्रभावी रहेगा।
2800–3000 मीटर से अधिक ऊंचाई वाले क्षेत्र संवेदनशील
2800 मीटर से अधिक ऊंचाई वाले इलाकों में
उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, पिथौरागढ़ और बागेश्वर – येलो अलर्ट
3000 मीटर से अधिक ऊंचाई वाले इलाकों में
चमोली जिला – ऑरेंज अलर्ट
डीजीआरई के अनुसार ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फ की परत अस्थिर होने से हिमस्खलन का खतरा बढ़ गया है।
प्रशासन और बचाव दल 24 घंटे अलर्ट
आपदा प्रबंधन सचिव विनोद कुमार सुमन ने स्थिति की समीक्षा करते हुए सभी संबंधित जिलों को 24 घंटे सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं। बर्फबारी से बंद सड़कों को जल्द खोलने और आवश्यक मशीनरी तैयार रखने को कहा गया है।
संवेदनशील इलाकों में आवाजाही पर रोक
प्रशासन ने हिमस्खलन संभावित क्षेत्रों में लोगों और पर्यटकों की आवाजाही रोकने के निर्देश दिए हैं। साथ ही स्थानीय लोगों और यात्रियों को जागरूक करने तथा बचाव दलों को तैनात रखने के आदेश जारी किए गए हैं।
पर्यटकों से ऊंचाई वाले क्षेत्रों में न जाने की अपील
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी लगातार हालात पर नजर बनाए हुए हैं। उन्होंने अधिकारियों से नियमित अपडेट लेते हुए जन सुविधाओं को प्राथमिकता देने और व्यवस्थाओं को शीघ्र सामान्य करने के निर्देश दिए हैं। पर्यटकों से अपील की गई है कि वे ऊंचाई वाले और संवेदनशील क्षेत्रों में यात्रा न करें।
बिजली-पानी आपूर्ति बहाल रखने के निर्देश
सचिव (आपदा प्रबंधन) ने बिजली और पेयजल आपूर्ति सामान्य रखने के लिए विशेष टीमें तैनात करने को कहा है। कहीं भी व्यक्ति या वाहन फंसने की सूचना मिलते ही तत्काल राहत एवं बचाव कार्य शुरू करने के निर्देश दिए गए हैं।
बुजुर्गों और बच्चों की सुरक्षा पर विशेष ध्यान
कड़ाके की ठंड और बर्फबारी को देखते हुए प्रशासन ने बच्चों और बुजुर्गों की सेहत व सुरक्षा का विशेष ध्यान रखने की अपील की है। खराब मौसम में अतिरिक्त सतर्कता बरतने और आपात स्थिति में तुरंत प्रशासन से संपर्क करने को कहा गया है।














