ब्रेकिंग न्यूज़
ग्राफिक एरा हिल यूनिवर्सिटी भीमताल में बीटेक के नए बैच का इंडक्शन शुरू, ‘Emerge, Discover, Commit, Excel’ थीम के साथ हुआ नवप्रवेशी छात्रों का स्वागतआदर्श नवयुवक श्री रामलीला समिति की बैठक में आयोजन को लेकर कई महत्वपूर्ण फैसले, पुतला दहन और रामबरात निकालने पर भी बनी सहमतिलाल बहादुर शास्त्री महाविद्यालय में दीक्षारम्भ कार्यक्रम, नए विद्यार्थियों का हुआ भव्य स्वागत, लालकुआं नगर पंचायत अध्यक्ष सुरेंद्र सिंह लोटनी ने की शिरकतविश्व स्तनपान सप्ताह पर ग्राफिक एरा भीमताल का जनजागरूकता अभियान, गांव-गांव पहुंचकर माताओं को बताए स्तनपान के फायदेविजय शंखनाद रैली के वायरल वीडियो पर सुमित हृदयेश का पलटवार, बोले- ‘फेक AI वीडियो से नफरत फैलाने की कोशिश’
खबर शेयर करे -

एडीजी अपराध एवं कानून व्यवस्था डॉ0 वी. मुरुगेशन महोदय ने की अपराध समीक्षा दिए सख्त निर्देश, कहा– “तीन वर्ष से अधिक लंबित विवेचनाएं अस्वीकार्य”
सभी अधिकारी फील्ड में सक्रिय रहें, हर गंभीर अपराध की मॉनिटरिंग स्वयं करें
तकनीक के साथ पारदर्शी पुलिसिंग की ओर कदम — IG CCTNS श्री सुनील कुमार मीणा ने अधिकारियों से कहा, “सिस्टम की समझ बढ़ाएँ, मौके की सूचना तुरंत दर्ज करें, पोर्टल संचालन की दक्षता बढ़ाने पर जोर।

हल्द्वानी। एडीजी अपराध एवं कानून व्यवस्था उत्तराखंड डॉ0 वी. मुरुगेशन महोदय द्वारा आज  बहुउद्देशीय भवन, हल्द्वानी में नैनीताल एवं उधमसिंहनगर जनपदों के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षकों सहित सभी राजपत्रित अधिकारियों के साथ विस्तृत अपराध समीक्षा बैठक आयोजित की गई।

बैठक में पुलिस महानिरीक्षक कुमाऊं परिक्षेत्र नैनीताल  रिद्धिम अग्रवाल,  सुनील कुमार मीणा आई0जी0 एससीआरबी/CCTNS उत्तराखंड, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रहलाद नारायण मीणा, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक उधमसिंहनगर  मणिकांत मिश्रा सहित दोनों जिलों के समस्त क्षेत्राधिकारी एवं अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

बैठक के प्रारंभ में उधमसिंहनगर व नैनीताल जनपद के अपराध नियंत्रण एवं विवेचना कार्यों की गुणवत्ता का गहन मूल्यांकन किया।

बैठक में एडीजी श्री मुरुगेशन द्वारा दिए गए प्रमुख निर्देश —

■ महिला अपराधों विशेषकर महिला अपहरण एवं दुष्कर्म के मामलों में त्वरित अनावरण कर आरोपियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई सुनिश्चित करें।
■ चोरी, नकबजनी एवं लूट-डकैती के मामलों में 100% रिकवरी सुनिश्चित की जाए। साथ ही थाना खटीमा व नानकमत्ता के थानाध्यक्षों को केस वर्कआउट/ रिकवरी के मामलों में शिथिलता पर कड़ी चेतावनी दी गई।
■ वाहन चोरी, बलात्कार और NDPS एक्ट से जुड़े मामलों में कठोर एवं प्रभावी कार्यवाही के निर्देश दिए गए।
■ तीन वर्ष से अधिक लंबित विवेचनाओं पर गंभीर फटकार लगाते हुए, सभी पार्ट पेंडिंग मामलों का शीघ्र निस्तारण करने के निर्देश दिए गए।
■ अवैध नशे की आपूर्ति श्रृंखला को तोड़ने के लिए कमर्शियल मात्रा में बरामदगी बढ़ाने और NDPS एक्ट के अंतर्गत सघन अभियान चलाने के निर्देश दिए गए।
■ साइबर अपराधों में 1930 हेल्पलाइन की सक्रियता बढ़ाने, पीड़ितों की संपत्ति रिकवरी सुनिश्चित करने और तकनीकी जांच को सशक्त करने के निर्देश दिए गए।
■ पार्ट पेंडिंग विवेचनाओं का शीघ्र निस्तारण करें। इनामी अपराधियों की गिरफ्तारी हेतु टीमें गठित करें, कुशल रणनीति बनाकर गिरफ्तारी सुनिश्चित करें।
■ अज्ञात महिला शवों की शिनाख्त कार्यवाही करें, फिंगर प्रिंट, संबंधित पोर्टलों के डाटा अंकन व अन्य प्रक्रियाओं को पूर्ण कराएं।
■ सभी अधिकारियों को विवेचनात्मक कार्यों में पारदर्शिता, जवाबदेही तय करने, तथा अधीनस्थों की कार्यप्रणाली का नियमित मूल्यांकन करने के निर्देश दिए गए।

एडीजी श्री वी. मुरुगेशन के प्रमुख बिंदु एवं निर्देश

अपराध नियंत्रण और विवेचनाओं की गुणवत्ता पुलिस की साख का आधार है। अधिकारी अपने क्षेत्र में सक्रियता, पारदर्शिता और जवाबदेही के साथ कार्य करें।

तीन वर्ष से अधिक लंबित विवेचनाएं अस्वीकार्य हैं। इन्हें तत्काल निस्तारित किया जाए, अन्यथा संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई तय की जाएगी।

प्रत्येक क्षेत्राधिकारी अपनी विवेचना टीम की कार्यक्षमता का नियमित मूल्यांकन करें। लापरवाही या ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

तकनीक के साथ पारदर्शी पुलिसिंग की ओर कदम

गोष्ठी के उपरांत  सुनील कुमार मीणा, पुलिस महानिरीक्षक, CCTNS/SCRB देहरादून द्वारा, नैनीताल एवं उधमसिंहनगर जनपदों के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षकों सहित सभी राजपत्रित अधिकारियों के साथ CCTNS/ICJS पोर्टल के अंतर्गत की जा रही कार्यवाही की समीक्षा की गई।
बैठक के दौरान  मीणा द्वारा अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि—
■ प्रत्येक क्षेत्राधिकारी प्रतिदिन पोर्टल की स्थिति की जाँच कर आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित करें।

■ सभी अधिकारी CCTNS/ICJS पोर्टल का संचालन कुशलता से सीखें ताकि मौके पर उपलब्ध सूचनाओं का त्वरित उपयोग हो सके।

■ IIF फॉर्म, सभी पोर्टलों, सिटिजन पोर्टल, तथा गैंग प्रोफाइल फॉर्म से संबंधित बिंदुओं पर विस्तार से चर्चा करते हुए अद्यतन प्रविष्टियाँ सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।

■ICJS पोर्टल के 1.0 व 2.0 वर्जन में उपलब्ध विभिन्न प्लेटफार्म व मिशन वात्सल्य जैसे पोर्टलों पर नियमित अपडेट व कार्यवाही दर्ज करने के भी निर्देश दिए गए।
■ पुलिस की कार्य दक्षता को प्रभावी रूप से क्रियान्वित करने हेतु सीसीटीएनएस में उपलब्ध सभी प्लेटफॉर्म एवं पोर्टलों का नियमित रूप से उपयोगिता पर जोर दिया जाए।

■ e-FIR के संबंध में आवश्यक दिशा निर्देश देते हुए उसमें प्रदत्त फ्लोचार्ट के बारे में जानकारी दी गई।
 मीणा ने विशेष रूप से कहा कि प्रत्येक स्तर पर पारदर्शिता और तकनीकी दक्षता बढ़ाना पुलिसिंग का नया आयाम है। सभी अधिकारी डेटा इंटीग्रेशन और सटीक रिपोर्टिंग पर ध्यान दें।

बैठक में रिद्धिम अग्रवाल, पुलिस महानिरीक्षक कुमाऊं परिक्षेत्र नैनीताल,  प्रहलाद नारायण मीणा वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नैनीताल,  मणिकांत मिश्रा वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक उधमसिंहनगर,  अभय कुमार सिंह पुलिस अधीक्षक काशीपुर, पुलिस अधीक्षक सिटी हल्द्वानी प्रकाश चंद्र,  दीपशिखा अग्रवाल क्षेत्राधिकारी लालकुआ, सुमित पांडेय क्षेत्राधिकारी रामनगर,  अमित कुमार क्षेत्राधिकारी नैनीताल, प्रशान्त कुमार, क्षेत्राधिकारी रूद्रपुर,  दीपक सिंह, क्षेत्राधिकारी काशीपुर,  डी0आर0 वर्मा, क्षेत्राधिकारी पन्तनगर, भूपेन्द्र सिंह धौनी क्षेत्राधिकारी सितारगंज,  विमल कुमार, ़ खटीमा सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।

यह भी पढ़ें :  मानसिक स्वास्थ्य पर खुलकर बात करना कमजोरी नहीं, जागरूकता और साहस की निशानी: प्रो. नीता बोरा

You missed

error: Content is protected !!