आधी रात खूनी वारदात, घर आए युवक की BJP नेता ने गोली मारकर ले ली जान
हल्द्वानी। नितिन लोहनी की मौत के बाद जज फार्म के सी ब्लाक में सुबह से ही गमगीन माहौल रहा। छोटे बेटे की मृत्यु के बाद मां का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। मां मीरा लोहनी कभी अपनी छाती पीटती तो कभी रो-रोकर बेसुध हो जाती।
जैसे ही पोस्टमार्टम के बाद दोपहर में नितिन का शव घर लाया गया। बेटे का शव देखकर मां बेसुध हो गई और कहने लगीं, बेटा तू कहां चला गया। वहीं पिता कैलाश लोहनी भी फूट-फूटकर रोने लगे।
मूल रूप से ओखलकांडा कैड़ा गांव निवासी शास्त्री कैलाश चंद्र लोहनी जज फार्म सी ब्लाक में अपने परिवार के साथ रहते हैं। उनके दो बेटे हैं। बड़ा बेटा पीयूष लोहनी एमबीए की पढ़ाई करके दिल्ली में एक मल्टीनेशनल कंपनी में काम करता है। छोटा बेटा मृतक नितिन लोहनी भी बीकाम करने के बाद अकाउंटेंट की पढ़ाई की थी।
इसके बाद दिल्ली में नौकरी कर रहा था। परिवार के साथ नए साल का जश्न मनाने नितिन लोहनी 20 दिसंबर को बड़े भाई के साथ घर आया था। जबकि बड़ा भाई अभी कुछ दिनों पहले ही वापस दिल्ली चला गया लेकिन नितिन यहीं था। शाम को रानीबाग स्थित चित्रशिला घाट पर अंतिम संस्कार किया गया।
डहरिया वार्ड-55 में पार्षद अमित बिष्ट के घर सोमवार की दोपहर एसपी क्राइम डा. जगदीश चंद्र व एसपी सिटी मनोज कत्याल ने पहुंचकर घटनास्थल का जायजा लिया। उन सभी स्थानों पर गए, जहां से पार्षद ने गोली चलाई थी और नितिन गिरा था। अमित के घर पर पुलिस फोर्स तैनात की गई है।
गोलीकांड की इस घटना में हर कोई यह चर्चा कर रहा था कि पुरानी रंजिश दरम्वाल परिवार व पार्षद के परिवार की थी लेकिन एक माध्यम के रूप में रविवार की रात पार्षद अमित के बेटे से मिलने पहुंचा और फंस गया।
उसे अपनी जान गंवानी पड़ गई। जबकि पार्षद अमित बिष्ट ने भी फायरिंग पहले कमल भंडारी पर की थी। लेकिन कमल अपनी जान बचाने के लिए तुरंत भाग गया। नितिन अपनी स्कूटी ले जाने के चक्कर में पार्षद की गोली का शिकार हो गया।
एसपी सिटी मनोज कत्याल ने बताया कि मृतक के भाई पीयूष लोहनी की ओर से दी गई तहरीर के आधार पर पुलिस कार्रवाई कर रही है. तहरीर में बताया गया है कि पीयूष के भाई की हत्या अमित बिष्ट नामक व्यक्ति द्वारा की गई है. संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया गया है. जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके आधार पर पुलिस आगे की कार्रवाई करेगी।
क्या कोई पुरानी रंजिश थी? इस सवाल पर अधिकारियों ने कहा कि अभी कुछ कहना जल्दबाजी होगी. जांच के बाद ही घटना के कारण स्पष्ट हो पाएंगे. उन्होंने बताया कि इस मामले में एक चश्मदीद भी है, जिससे पुलिस पूछताछ कर रही है और उसके बयान के आधार पर भी कार्रवाई की जाएगी।
इस मामले में कई सवाल खड़े हो रहे हैं, जैसे क्या आरोपी की कोई आपराधिक पृष्ठभूमि रही है, किस हथियार से फायरिंग की गई, क्या कोई पुरानी दुश्मनी थी या फिर किसी गैंगवार के चलते गोली चलाई गई? पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच पूरी होने के बाद ही इन सभी सवालों के जवाब सामने आएंगे।
हालांकि, मामले के चश्मदीद ने बताया कि वह मृतक के साथ मौके पर मौजूद था. उसने आरोपियों के सामने हाथ भी जोड़े, लेकिन उन्होंने उसकी एक न सुनी और नितिन लोहनी पर दो गोलियां चला दीं. पीठ पर गोली लगने के बाद नितिन जमीन पर गिर पड़ा. चश्मदीद के अनुसार, आरोपियों ने धर्मपाल गैंग का सदस्य समझकर गोली चलाई, जिसमें नितिन लोहनी की मौत हो गई।











