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नैनीताल के भीमताल में यूनिवर्सिटी के कर्मचारी की करंट लगने से मौत

बारिश में छत साफ कराने भेजा, हाईटेंशन लाइन की चपेट में आने से कर्मचारी की मौत; ग्राफिक एरा यूनिवर्सिटी पर उठे सवाल

रिपोर्टर गुड्डू सिंह ठठोला 

भीमताल। ग्राफिक एरा हिल यूनिवर्सिटी, भीमताल में कार्यरत एक कर्मचारी की ड्यूटी के दौरान हुई दर्दनाक मौत को लेकर कई सवाल खड़े हो गए हैं।

मृतक की पहचान ओखलकांडा निवासी तेज सिंह बोरा के रूप में हुई है। आरोप है कि विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा उन्हें बारिश के दौरान भवन की छत साफ करने के लिए भेजा गया था, जहां कार्य करते समय वह पास से गुजर रही हाईटेंशन विद्युत लाइन की चपेट में आ गए और उनकी मौत हो गई।

इस हादसे के बाद क्षेत्र में शोक और आक्रोश का माहौल है। स्थानीय लोगों और सामाजिक संगठनों का कहना है कि यदि सुरक्षा मानकों का पालन किया गया होता तो यह दुर्घटना टाली जा सकती थी। उनका आरोप है कि खराब मौसम के बावजूद कर्मचारी से जोखिम भरा कार्य कराया गया, जिससे उसकी जान चली गई।

मृतक तेज सिंह बोरा एक साधारण परिवार से संबंध रखते थे और परिवार की आर्थिक जिम्मेदारियों का बड़ा हिस्सा उनके कंधों पर था। उनकी असमय मृत्यु से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। परिजनों का कहना है कि हादसे की निष्पक्ष जांच कर वास्तविक जिम्मेदारों को चिन्हित किया जाए और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।

घटना को लेकर लोगों ने विश्वविद्यालय प्रशासन की कार्यप्रणाली और सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि कर्मचारियों को जोखिमपूर्ण कार्यों के दौरान पर्याप्त सुरक्षा उपकरण, प्रशिक्षण और निगरानी उपलब्ध कराना संस्थान की जिम्मेदारी होती है।

स्थानीय नागरिकों और विभिन्न संगठनों ने मामले की उच्चस्तरीय एवं निष्पक्ष जांच कराने की मांग करते हुए कहा है कि हादसे के कारणों का खुलासा किया जाए तथा यदि किसी स्तर पर लापरवाही सामने आती है तो दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। साथ ही मृतक के परिवार को उचित मुआवजा, आर्थिक सहायता और अन्य राहत प्रदान करने की भी मांग की गई है।

फिलहाल इस घटना को लेकर क्षेत्र में चर्चा का माहौल बना हुआ है और लोग प्रशासन से निष्पक्ष जांच के माध्यम से पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने की मांग कर रहे हैं।

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