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SP संचार रेवाधर मठपाल ने प्रमाण पत्र देकर सराहा, “बेहतर पैरवी हेतु डिजिटल साक्ष्यों को बताया अनिवार्य

हल्द्वानी में NAFIS/MCU प्रशिक्षण का समापन, 205 पुलिसकर्मियों को मिला तकनीकी प्रशिक्षण

हल्द्वानी। डॉ. मंजूनाथ टीसी के नेतृत्व में आयोजित NAFIS/MCU प्रशिक्षण कार्यक्रम का शनिवार को सफलतापूर्वक समापन हो गया। 21 अप्रैल से 25 अप्रैल 2026 तक चले इस प्रशिक्षण में जनपद नैनीताल पुलिस के 205 प्रतिभागियों ने भाग लिया।

कार्यक्रम का आयोजन नैनीताल पुलिस द्वारा किया गया, जिसमें उपनिरीक्षक, अपर उपनिरीक्षक, हेड कांस्टेबल, मालखाना मोहर्रिर और CCTNS कर्मचारी शामिल रहे। प्रशिक्षण के नोडल अधिकारी के रूप में रेवाधर मठपाल ने अहम भूमिका निभाई।

प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को National Automated Fingerprint Identification System (NAFIS) और Mobile Crime Unit (MCU) से जुड़ी आधुनिक तकनीकों की जानकारी दी गई। इसमें फिंगरप्रिंट संकलन, डिजिटल साक्ष्यों का संरक्षण और फॉरेंसिक तकनीकों के उपयोग पर विशेष जोर दिया गया। साथ ही व्यावहारिक प्रशिक्षण के जरिए पुलिसकर्मियों की तकनीकी दक्षता को मजबूत किया गया।

प्रशिक्षण में राज्य अपराध अभिलेख ब्यूरो देहरादून की निरीक्षक राशिदा, MCU मास्टर ट्रेनर कमल कुमार, भगवान सिंह और NAFIS मास्टर ट्रेनर नितिन कुमार ने प्रतिभागियों को प्रशिक्षित किया।

समापन समारोह में रेवाधर मठपाल ने प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र वितरित करते हुए कहा कि आधुनिक तकनीकें पुलिस विवेचना को नई दिशा दे रही हैं। उन्होंने कहा कि आज के दौर में डिजिटल साक्ष्य अपराधों के खुलासे में सबसे अहम भूमिका निभा रहे हैं, इसलिए विवेचना अधिकारियों के लिए इन तकनीकों में दक्ष होना जरूरी है।

उन्होंने विश्वास जताया कि इस प्रशिक्षण से पुलिस की जांच प्रक्रिया अधिक वैज्ञानिक, सटीक और प्रभावी बनेगी, जिससे अपराधों के त्वरित अनावरण और न्यायालय में दोषसिद्धि दर में भी वृद्धि होगी।

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