हल्द्वानी/नैनीताल। रेलवे भूमि अतिक्रमण मामले में माननीय सुप्रीम कोर्ट के अहम निर्णय से पहले नैनीताल पुलिस पूरी तरह अलर्ट मोड पर आ गई है। संभावित परिस्थितियों को देखते हुए बनभूलपुरा क्षेत्र सहित संवेदनशील इलाकों में व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की गई है। एसएसपी नैनीताल डॉ. मंजुनाथ टीसी के नेतृत्व में पुलिस अधिकारियों और जवानों को कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए हैं।
सोमवार, 8 सितंबर 2026 को रेलवे भूमि अतिक्रमण मामले में सुप्रीम कोर्ट के महत्वपूर्ण फैसले से पूर्व पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करते हुए बनभूलपुरा क्षेत्र में तैनात पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों की विशेष ब्रीफिंग की। कोतवाली हल्द्वानी के मीटिंग हॉल में आयोजित ब्रीफिंग की अध्यक्षता एसपी अपराध एवं यातायात नैनीताल डॉ. जगदीश चंद्र ने की।
ब्रीफिंग के दौरान अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए कि किसी भी सरकारी कार्रवाई अथवा न्यायालय के निर्णय के बाद कानून-व्यवस्था की स्थिति को हर हाल में सामान्य रखा जाए। पुलिस बल को संवेदनशील क्षेत्रों में सतर्क रहते हुए शांति एवं सौहार्द बनाए रखने के लिए प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
इस दौरान एसपी सिटी मनोज कत्याल, एसपी संचार/ऑफिस रेवाधर मठपाल, सीओ हल्द्वानी अमित कुमार सैनी, क्षेत्राधिकारी भवाली रविकांत सेमवाल, पुलिस उपाधीक्षक बलजीत सिंह भाकुनी, सीएफओ गौरव किरार सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
भारी पुलिस बल की तैनाती
न्यायालय के निर्णय के बाद किसी भी स्थिति से निपटने और शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन ने व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की है।
तैनात किए गए पुलिस बल के साथ विभिन्न विशेष सुरक्षा इकाइयों को भी अलर्ट पर रखा गया है।
विशेष सुरक्षा टीमें भी रहेंगी तैनात
पुलिस की सुरक्षा योजना के तहत ड्रोन निगरानी के लिए दो विशेष टीमें, अग्निशमन विभाग की चार यूनिट, यातायात पुलिस की चार टीमें, बम निरोधक दस्ते की एक टीम, हॉक पुलिस की दो यूनिट और पुलिस लाइन से अतिरिक्त विशेष दस्ते तैनात रहेंगे।
इसके अलावा संभावित उपद्रव अथवा आपात स्थिति से निपटने के लिए टियर गैस की दो टीमें, एंटी रायट की दो टीमें और फायरिंग स्क्वाड की दो टीमें भी तैयार रखी गई हैं। आवश्यकता पड़ने पर अन्य विशेष वाहन और संसाधन भी तत्काल उपलब्ध कराए जाएंगे।

ड्रोन से छतों और संवेदनशील इलाकों पर नजर
नैनीताल पुलिस ने स्पष्ट किया है कि सुरक्षा व्यवस्था केवल धरातल तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि संवेदनशील क्षेत्रों की हवाई निगरानी भी की जाएगी। ड्रोन के माध्यम से क्षेत्र की छतों, संकरी गलियों और संवेदनशील स्थानों पर विशेष नजर रखी जाएगी।
पुलिस प्रशासन सोशल मीडिया की गतिविधियों की भी लगातार निगरानी करेगा। अफवाह फैलाने, भ्रामक सूचनाएं प्रसारित करने, भड़काऊ पोस्ट डालने अथवा माहौल खराब करने की कोशिश करने वालों के विरुद्ध कठोर वैधानिक कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
छतों पर पत्थर, ईंट और मलबा जमा करने वालों पर होगी कार्रवाई
पुलिस ने विशेष रूप से चेतावनी दी है कि हिंसा या उपद्रव की नीयत से किसी मकान अथवा भवन की छत पर पत्थर, रोड़ी, ईंट, मलबा, हथियार या हथियारनुमा वस्तुएं जमा करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस के अनुसार यदि किसी व्यक्ति अथवा समूह द्वारा उपद्रव की तैयारी किए जाने की सूचना मिलती है तो तत्काल कानूनी कार्रवाई की जाएगी। संवेदनशील क्षेत्रों में पुलिस बल को विशेष सतर्कता के साथ निगरानी करने के निर्देश दिए गए हैं।
जनता से शांति और न्यायालय के निर्णय का सम्मान करने की अपील
नैनीताल पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि माननीय न्यायालय के निर्णय का सम्मान और पालन करें तथा क्षेत्र में शांति एवं सौहार्द बनाए रखें। पुलिस ने नागरिकों से कानून-व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस और प्रशासन का सहयोग करने की अपील की है।
पुलिस ने कहा कि सोशल मीडिया पर अफवाह, भ्रामक अथवा आपत्तिजनक सामग्री प्रसारित कर लोगों को गुमराह करने और अनर्गल या भड़काऊ बयानबाजी करने वालों पर भी पैनी नजर रखी जा रही है। ऐसे मामलों में संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
नैनीताल पुलिस ने लोगों से अपील की है कि शांति बनाए रखें, कानून का सम्मान करें और जिम्मेदार नागरिक होने का परिचय देते हुए किसी भी अफवाह पर ध्यान न दें।




