हल्द्वानी। मल्ला गोरखपुर क्षेत्र में बुधवार सुबह उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब एक कार एक्सेसरीज के गोदाम में अचानक भीषण आग लग गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया और गोदाम के अंदर रखा कार एक्सेसरीज का कीमती सामान आग की चपेट में आ गया। हादसे में गोदाम में रखा अधिकांश सामान जलकर राख हो गया। प्रारंभिक तौर पर आग से लाखों रुपये के नुकसान की आशंका जताई जा रही है।
जानकारी के अनुसार, बुधवार सुबह स्थानीय लोगों ने मल्ला गोरखपुर स्थित गोदाम से अचानक धुआं उठते देखा। कुछ ही देर में गोदाम के अंदर से आग की तेज लपटें निकलने लगीं। आग बढ़ती देख आसपास के लोगों में हड़कंप मच गया। स्थानीय लोगों ने तत्काल पुलिस और दमकल विभाग को घटना की सूचना दी।
सूचना मिलते ही दमकल विभाग की टीमें कई वाहनों के साथ मौके पर पहुंचीं और आग बुझाने का अभियान शुरू किया। आग की भयावहता को देखते हुए करीब 5 से 6 वाटर टेंडर मौके पर लगाए गए। दमकल कर्मियों ने अलग-अलग दिशाओं से पानी की बौछार कर आग को नियंत्रित करने का प्रयास किया।
गोदाम में भरा था घना धुआं, राहत कार्य में आई चुनौती
आग लगने के बाद गोदाम के अंदर घना धुआं भर गया था, जिसके चलते दमकल कर्मियों को आग बुझाने के दौरान काफी सावधानी बरतनी पड़ी। लगातार प्रयास के बाद दमकल कर्मियों ने करीब आधे घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया। आग को आसपास के क्षेत्र में फैलने से भी रोक लिया गया।
कार एक्सेसरीज का सामान जलकर राख
आग से गोदाम के अंदर रखा कार एक्सेसरीज का सामान बुरी तरह जल गया। सामान जलने के कारण गोदाम संचालक को भारी आर्थिक नुकसान हुआ है। फिलहाल नुकसान की वास्तविक रकम का आकलन किया जा रहा है। प्रारंभिक अनुमान के अनुसार नुकसान लाखों रुपये का बताया जा रहा है।
सीएफओ गौरव किरार ने बताया कि आग बुझाने के लिए करीब 5-6 वाटर टेंडर मौके पर लगाए गए थे। दमकल कर्मियों के प्रयास से आग पर समय रहते काबू पा लिया गया। आग से गोदाम में रखा सामान जल गया है और आर्थिक नुकसान का आकलन किया जा रहा है।
आग लगने के कारणों की जांच शुरू
फिलहाल आग लगने के स्पष्ट कारण सामने नहीं आए हैं। दमकल विभाग और पुलिस की ओर से घटना की जांच की जा रही है। आग शॉर्ट सर्किट से लगी या किसी अन्य कारण से, इसका पता जांच पूरी होने के बाद ही चल सकेगा।
गनीमत रही कि हादसे के दौरान किसी व्यक्ति की जान नहीं गई और न ही कोई जनहानि हुई। दमकल विभाग की तत्परता के चलते आग को समय रहते नियंत्रित कर लिया गया, जिससे आसपास की दुकानों और प्रतिष्ठानों तक आग फैलने से बच गई।





































