गैर जमानती वारंट जारी होने के बाद पुलिस की बड़ी कार्रवाई, उत्पीड़न मामले में अब होगी पूछताछ; वायरल ऑडियो की भी जांच कर रही एसआईटी
देहरादून। उत्तराखंड की कैबिनेट मंत्री रेखा आर्य से जुड़े उत्पीड़न मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। मामले में आरोपों के घेरे में आए उनके पति गिरधारी लाल साहू को पुलिस ने उत्तर प्रदेश के झांसी से गिरफ्तार कर लिया है। बताया जा रहा है कि गिरधारी लाल साहू पिछले कई दिनों से झांसी में छिपा हुआ था। शनिवार सुबह पुलिस ने कार्रवाई करते हुए उसे गिरफ्तार किया। गिरफ्तारी के बाद एसआईटी और पुलिस की टीम उसे अपने साथ लेकर देहरादून के लिए रवाना हो गई है। इस कार्रवाई को मामले की जांच में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
जानकारी के मुताबिक, गिरधारी लाल साहू की गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार प्रयास कर रही थी। गिरफ्तारी की आशंका के चलते उन्होंने अदालत में अग्रिम जमानत याचिका भी दाखिल की थी। याचिका में उन्होंने अपनी पत्नी के कैबिनेट मंत्री होने और उनके पद के प्रभाव के चलते गिरफ्तारी की आशंका जताई थी। हालांकि, वह स्वयं अदालत में पेश नहीं हुए और अपने पैरोकार के माध्यम से अग्रिम जमानत की अर्जी दाखिल करवाई थी। अदालत में दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी गई थी। इसके बाद न्यायालय की ओर से उनके खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया गया था।
एसपी ग्रामीण के नेतृत्व में गठित हुई एसआईटी
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने जांच के लिए एसपी ग्रामीण जया बलूनी के नेतृत्व में विशेष जांच टीम (एसआईटी) का गठन किया था। शुरुआती जानकारी में एसआईटी में 10 सदस्यों के शामिल होने की बात सामने आई थी, जबकि बाद के इनपुट में नौ सदस्यीय टीम का उल्लेख किया गया। एसआईटी ने मामले की जांच शुरू करते हुए विभिन्न पहलुओं पर साक्ष्य जुटाने की कार्रवाई तेज कर दी थी।
बरेली में भी साक्ष्य जुटाने की तैयारी
जांच के सिलसिले में एसआईटी की एक टीम बरेली भेजे जाने की जानकारी भी सामने आई थी। टीम की ओर से गिरधारी लाल साहू के घर और उनसे जुड़े अन्य ठिकानों पर पहुंचकर मामले से संबंधित साक्ष्य जुटाने की योजना बनाई गई थी। इसके साथ ही वायरल ऑडियो में हुई कथित बातचीत और उससे जुड़े तथ्यों की भी बारीकी से जांच की जा रही है।
पूछताछ में खुल सकते हैं कई अहम राज
झांसी से गिरफ्तारी के बाद अब पुलिस और एसआईटी की निगाहें गिरधारी लाल साहू से होने वाली पूछताछ पर टिकी हैं। जांच एजेंसियां मामले से जुड़े आरोपों, कथित बातचीत, वायरल ऑडियो और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर उनसे सवाल-जवाब करेंगी। पुलिस पूछताछ और आगे की जांच में कई महत्वपूर्ण तथ्य सामने आने की संभावना जताई जा रही है।
फिलहाल इस गिरफ्तारी को मामले में अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई माना जा रहा है। अब देखना होगा कि एसआईटी की पूछताछ और जांच के दौरान इस पूरे प्रकरण में आगे क्या नए खुलासे होते हैं।
























