1 जनवरी से 8 अक्टूबर तक 94 अराजक तत्वों के खिलाफ हुई जिला बदर की कार्रवाई, प्रशासन ने दी सख्त चेतावनी
नैनीताल। जिले में कानून व्यवस्था को मजबूत बनाए रखने और अराजक तत्वों पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए जिला प्रशासन ने सख्ती तेज कर दी है।
जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल के निर्देशन में गुंडा एक्ट के तहत लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) के न्यायालय से चार व्यक्तियों को अलग-अलग अवधि के लिए जिला बदर करने के आदेश जारी किए गए हैं।
प्रशासन के अनुसार, 1 जनवरी 2026 से 8 अक्टूबर 2026 तक जिले में कुल 94 अराजक तत्वों के खिलाफ जिला बदर की कार्रवाई की जा चुकी है।
प्रशासन का कहना है कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वाले और समाज में अशांति फैलाने वाले तत्वों के खिलाफ आगे भी इसी तरह सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
चार व्यक्तियों पर जिला बदर की कार्रवाई
न्यायालय अपर जिलाधिकारी (प्रशासन), नैनीताल द्वारा समीर खान पुत्र शाहिद, निवासी स्टेट बैंक वाली गली, नई बस्ती, थाना काठगोदाम को छह माह के लिए जिला बदर किया गया है।
इसी प्रकार मनीष पुत्र गंगाराम, निवासी रामलाल कॉलोनी, थाना काठगोदाम, जनपद नैनीताल को भी छह माह के लिए जिला बदर करने के आदेश दिए गए हैं।
वहीं अरूण आर्या पुत्र हरीश आर्या, निवासी गुजरीड़ा बस्ती फतेहपुर, थाना मुखानी तथा डीकर सिंह कोरंगा पुत्र जवाहर सिंह, निवासी संजयनगर-01, बिन्दुखत्ता, लालकुआं को एक-एक माह के लिए जिला बदर किया गया है।
कानून व्यवस्था से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं : ADM
अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) विवेक राय ने कहा कि जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल के निर्देशन में जिला प्रशासन कानून व्यवस्था को लेकर पूरी मुस्तैदी से काम कर रहा है। जिले में शांति एवं कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए समय-समय पर अराजक तत्वों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई किया जाना आवश्यक है।
उन्होंने स्पष्ट कहा कि जिले में कानून व्यवस्था के साथ खिलवाड़ करने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। प्रशासन की प्राथमिकता जिले में शांतिपूर्ण माहौल बनाए रखना और आम जनता में सुरक्षा की भावना को मजबूत करना है।
जिला प्रशासन की इस कार्रवाई से स्पष्ट है कि नैनीताल जिले में सार्वजनिक शांति और कानून व्यवस्था को प्रभावित करने वाले तत्वों के खिलाफ गुंडा एक्ट सहित अन्य वैधानिक प्रावधानों के तहत कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।

