अक्टूबर में दिसंबर जैसा मौसम! बर्फ से ढके हिमाचल और उत्तराखंड के इलाके, पर्यटकों के खिले चेहरे. IMD का रेड अलर्ट

उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और कश्मीर के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में सीजन की पहली बर्फबारी दर्ज की गई है, जिससे पूरे उत्तर भारत में ठंड का मौसम तेजी से प्रवेश कर गया है।

कश्मीर के उच्च पर्वतीय इलाकों में बर्फबारी और निचले मैदानी क्षेत्रों में बारिश के कारण घाटी में दिन का तापमान काफी गिर गया है।

पहाड़ों पर हुई इस बर्फबारी का असर अब दिल्ली-एनसीआर में भी महसूस किया जा रहा है. पिछले कुछ दिनों से लगातार हो रही बारिश और ठंडी हवाओं के चलते दिल्ली में अचानक सर्दी का जोर बढ़ गया है, और लोग अब गीजर और गर्म कपड़ों का सहारा लेने लगे हैं।

पश्चिमी विक्षोभ के चलते मौसम में यह बदलाव आया है. गढ़वाल और कुमाऊं की ऊंची चोटियों पर बर्फ गिरने से केदारनाथ, बदरीनाथ, गंगोत्री, यमुनोत्री, हेमकुंड, औली और मुनस्यारी जैसे इलाकों की ऊंचाई वाले क्षेत्र पूरी तरह बर्फ से ढक गए हैं।

अक्टूबर की शुरुआत में ही सीजन की यह पहली बर्फबारी होने से धार्मिक और पर्यटन गतिविधियों में भी नई हलचल दिखाई दी. केदारनाथ में भगवान के दर्शन करने आए श्रद्धालु इस अचानक हुई बर्फबारी का आनंद लेते नजर आए. निचले इलाकों में बारिश के कारण तापमान में गिरावट आई है, जिससे पर्वतीय और मैदानी क्षेत्रों में ठंडक बढ़ गई है।

मौसम विभाग ने मंगलवार तक प्रदेश के कई क्षेत्रों में बारिश जारी रहने और 4,000 मीटर या उससे अधिक ऊंचाई वाले इलाकों में और अधिक बर्फबारी होने की चेतावनी जारी की है. इसे देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा के व्यापक इंतज़ाम किए हैं. चमोली जिला प्रशासन ने पहले ही छह और सात अक्टूबर के लिए ट्रैकिंग गतिविधियों पर रोक लगा दी है।

अधिकारियों ने जनता और पर्यटकों से अनावश्यक आवाजाही से बचने और गर्म कपड़े रखने की सलाह दी है. तीर्थयात्रियों से विशेष रूप से कहा गया कि वे मौसम की मौजूदा स्थिति के मद्देनजर पूरी सावधानी बरतें।

हिमाचल प्रदेश की लाहौल घाटी में मौसम ने करवट बदलते ही सीजन की पहली बर्फबारी दर्ज कराई. रोहतांग दर्रा, बारालाचा, कुंजुम, तांदी, केलांग, उदयपुर और आसपास के ऊंचाई वाले क्षेत्र पूरी तरह बर्फ की चादर में ढक गए. सुबह होते-होते सड़कों पर बर्फ जम गई, जिससे जनजीवन प्रभावित हुआ और लोग घरों के अंदर दुबकने को मजबूर हुए।

कश्मीर में ऊपरी क्षेत्रों में ताजा हिमपात और मैदानी इलाकों में बारिश के कारण दिन के तापमान में भारी गिरावट आई. अनंतनाग जिले के सिंथन टॉप, गुलमर्ग के अफरवत, ज़ोजिला दर्रा, कुपवाड़ा के बंगस और गुरेज घाटी के राजदान दर्रा जैसे ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी हुई।

पहाड़ों में बर्फबारी और मैदानी इलाकों में बारिश के चलते पूरे उत्तर भारत में सर्दी का असर महसूस किया जा रहा है. दिल्ली-एनसीआर में अचानक बढ़ी ठंड के कारण लोग घरों में गर्म कपड़े पहनने और हीटर, गीजर आदि उपकरणों का इस्तेमाल करने लगे हैं।

मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में ठंडी हवाओं और बारिश की संभावना को देखते हुए सतर्क रहने की चेतावनी जारी की है. उत्तर भारत में इस साल की पहली बर्फबारी ने स्पष्ट कर दिया है कि गुलाबी ठंड अब वास्तविक सर्दी में बदल चुकी है, और पर्वतीय क्षेत्रों के साथ-साथ मैदानी इलाकों में भी ठंड का प्रभाव तेज़ हो गया है।

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