नई दिल्ली/अल्मोड़ा। अल्मोड़ा के युवा नवाचारक और हैपिडा स्काईनैक्स के संस्थापक रवि टम्टा ने अपने महत्वाकांक्षी हवा में उड़ने वाले वाहन के प्रोटोटाइप को लेकर नई दिल्ली में केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी से मुलाकात की। इस दौरान रवि टम्टा ने अपने प्रोजेक्ट की तकनीक, इसकी संभावनाओं और भविष्य में व्यक्तिगत हवाई परिवहन के क्षेत्र में इसके उपयोग को लेकर केंद्रीय मंत्री को विस्तार से जानकारी दी।
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने हैपिडा स्काईनैक्स की इस पहल को व्यक्तिगत हवाई परिवहन के क्षेत्र में भविष्य की संभावनाओं वाला प्रोजेक्ट बताते हुए इसे आगे बढ़ाने के लिए हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया। उन्होंने कहा कि इस तरह की तकनीक देश में परिवहन के क्षेत्र में नई संभावनाओं के द्वार खोल सकती है।
तकनीकी और वित्तीय सहयोग का भरोसा
मुलाकात के दौरान परियोजना को आगे बढ़ाने के लिए संबंधित विभागों के माध्यम से आवश्यक तकनीकी सहायता, वित्तीय सहयोग, मार्गदर्शन और अन्य संभावित मदद उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया गया। इससे हैपिडा स्काईनैक्स के प्रोटोटाइप के विकास और उसे तकनीकी स्तर पर और बेहतर बनाने की दिशा में नई उम्मीद जगी है।
रवि टम्टा के अनुसार, उनकी टीम का उद्देश्य केवल एक ऐसा वाहन तैयार करना नहीं है जो जमीन पर चलने के साथ हवा में भी उड़ सके, बल्कि व्यक्तिगत परिवहन की ऐसी नई अवधारणा विकसित करना है, जिसमें भविष्य में आकाशीय परिवहन को आम लोगों की जरूरतों से जोड़ा जा सके।
व्यक्तिगत हवाई परिवहन की दिशा में नई सोच
हैपिडा स्काईनैक्स की पहल को भारत में व्यक्तिगत हवाई परिवहन की संभावनाओं से जोड़कर देखा जा रहा है। वर्तमान समय में दुनिया के कई देशों में एयर मोबिलिटी और उड़ने वाले वाहनों को लेकर तकनीकी प्रयोग किए जा रहे हैं। ऐसे में उत्तराखंड के अल्मोड़ा से निकलकर रवि टम्टा की टीम द्वारा इस दिशा में किए जा रहे प्रयास को स्थानीय स्तर पर भी महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है।
केंद्रीय मंत्री से मुलाकात के बाद परियोजना को तकनीकी और संस्थागत स्तर पर सहयोग मिलने की संभावना बढ़ी है। यदि आवश्यक संसाधन, तकनीकी मार्गदर्शन और अन्य संस्थागत सहयोग उपलब्ध होता है तो प्रोटोटाइप के विकास की प्रक्रिया को और गति मिलने की उम्मीद है।
देशवासियों से सहयोग की अपील
रवि टम्टा ने इस प्रयास को आगे बढ़ाने में देशवासियों से सहयोग, मार्गदर्शन और समर्थन जारी रखने की अपील की है। उन्होंने कहा कि उनकी टीम का लक्ष्य पारंपरिक सड़क परिवहन की सीमाओं से आगे बढ़ते हुए आकाश आधारित व्यक्तिगत परिवहन की नई संभावनाओं पर काम करना है।
उन्होंने कहा कि यह प्रयास केवल एक व्यक्ति या एक संस्था का प्रोजेक्ट नहीं, बल्कि देश में नई तकनीक और नवाचार को बढ़ावा देने की दिशा में भी एक प्रयास है। टीम आने वाले समय में इस तकनीक को और विकसित करने तथा इसे व्यावहारिक उपयोग के योग्य बनाने की दिशा में काम करेगी।
मुलाकात में कई प्रमुख लोग रहे मौजूद
रवि टम्टा और नितिन गडकरी की इस महत्वपूर्ण मुलाकात के दौरान असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा और केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग राज्य मंत्री अजय टम्टा भी मौजूद रहे। उत्तराखंड से जुड़े इस नवाचार को केंद्रीय स्तर पर मिले प्रोत्साहन से स्थानीय स्तर पर भी उत्साह का माहौल है।
अल्मोड़ा के रवि टम्टा द्वारा तैयार किए गए हवा में उड़ने वाले वाहन के प्रोटोटाइप को लेकर पहले भी चर्चा हो चुकी है। अब केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री से मुलाकात और सहयोग के आश्वासन के बाद इस परियोजना को नई दिशा मिलने की उम्मीद जताई जा रही है। आने वाले समय में तकनीकी परीक्षण, विकास और संस्थागत सहयोग के आधार पर यह प्रोजेक्ट व्यक्तिगत हवाई परिवहन के क्षेत्र में अपनी संभावनाओं को और मजबूत कर सकता है।










