ब्रेकिंग न्यूज़

देहरादून। कारगिल में तैनात उत्तराखंड के लाल प्रणय नेगी का निधन हो गया। प्रणव नेगी भारतीय सेना में मेजर के पद पर तैनात थे। सोमवार देररात परिजनों को मेजर प्रणव नेगी के शहीद की खबर मिलते ही घर में कोहराम मच गया।

डोईवाला क्षेत्र के भानियावाला निवासी मेजर प्रणय नेगी की शहादत को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मंगलवार को नमन किया और श्रद्धांजलि दी। उन्होंने कहा कि देश की आन-बान-शान की रक्षा के लिए दिया गया उनका सर्वोच्च बलिदान हमेशा याद रखा जाएगा।

ईश्वर से प्रार्थना है कि पुण्यात्मा को श्रीचरणों में स्थान एवं शोकाकुल परिजनों को यह असीम दुःख सहन करने की शक्ति प्रदान करें।

दुःख की इस घड़ी में राज्य सरकार परिवार के साथ

सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी ने मेजर प्रणय नेगी के शहीद होने पर गहरा दुःख प्रकट करते हुए शोक संवेदना प्रकट की। जोशी ने ईश्वर से पुण्यात्मा को श्रीचरणों में स्थान देने तथा शोकाकुल परिजनों को इस असीम दुःख सहन करने की शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना की है।

उन्होंने कहा कि दुःख की इस घड़ी में राज्य सरकार परिवार जनों के साथ खड़ी है।

94 रेजीमेंट में भर्ती थे मेजर प्रणय नेगी, इन दिनों कारगिल में थे तैनात

बताया जा रहा है कि मेजर प्रणव नेगी का पार्थिव शरीर 30 अप्रैल की रात या फिर एक मई को उनके आवास डोईवाला पहुंचेगा। जानकारी के मुताबिक प्रणय नेगी डोईवाला के संगतिया वाला में अपने परिवार के साथ रहते थे। प्रणव नेगी की उम्र 36 साल थी। इन दिनों वो कारगिल में तैनात थे।

अचानक बिगड़ी तबीयत, अस्पताल में उपचार के दौरान तोड़ा दम

बताया जा रहा है कि 29 अप्रैल को ड्यूटी के दौरान अचानक मेजर प्रणव नेगी की तबीयत खराब हो गई। इसके बाद उन्हें हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान उनका शहीद हो गया। घटना के बाद मेजर प्रणव नेगी के घर में मातम छाया हुआ है।

Advertisement
यह भी पढ़ें :  रामनगर में यूथ कांग्रेस के नेता की कार को घेरकर हमलावरों ने की मारपीट, हालत गंभीर

You missed

❌ Content Protection Enabled: Right-click & text copying is disabled on this website.