हल्द्वानी।  बरसात का असर धीरे-धीरे कम हो रहा है और हालात सामान्य होने लगे हैं। इसी कड़ी में जल संस्थान भी अब एक्शन मोड में आ गया है।

इस बार की बारिश ने जहां शहर और आसपास की व्यवस्था को प्रभावित किया, वहीं गौला नदी का जल स्तर रिकॉर्ड तोड़ दर्ज किया गया भारी बारिश के दौरान गौला नदी में न सिर्फ जल स्तर बढ़ा बल्कि बड़ी मात्रा में सिल्ट भी आई।

इस कारण रानीबाग स्थित जल संस्थान के प्लांट बाधित हो गए। नतीजतन, कई क्षेत्रों में पानी की आपूर्ति रुक गई और जल संस्थान को टैंकरों के जरिए पानी वितरण करना पड़ा जल संस्थान के अधिशासी अभियंता आर.एस. लोशाली ने कहा कि भारी बारिश और नदी में सिल्ट भराव के चलते प्लांट प्रभावित हुए थे, जिससे सप्लाई बाधित हुई।

कई जगहों पर टैंकरों से पानी पहुंचाया गया अब कार्य तेज़ी से किया जा रहा है और स्थिति सामान्य की जा रही है।”
अधिशासी अभियंता आर.एस. लोशाली ने बताया कि इस बार बारिश का असर पहाड़ी क्षेत्रों पर भी देखने को मिला।

खासतौर से कोटाबाग के विभिन्न गांवों में जल संस्थान की पाइपलाइनें क्षतिग्रस्त हो गईं, जिन पर फिलहाल मरम्मत कार्य चल रहा है।

हालांकि धीरे-धीरे हालात पटरी पर लौट रहे हैं, लेकिन बरसात के दौरान जल संस्थान को भारी चुनौतियों का सामना करना पड़ा।

अब विभाग का प्रयास है कि आने वाले दिनों में ऐसी स्थिति से निपटने के लिए और पुख्ता इंतज़ाम किए जा सकें।

Advertisement
यह भी पढ़ें :  उत्तराखंड में गुटखा-पान मसाला पर एक साल का प्रतिबंध, तंबाकू और निकोटीन युक्त उत्पादों की बिक्री पर भी रोक
❌ Content Protection Enabled: Right-click & text copying is disabled on this website.