हल्द्वानी/चोरगलिया। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी रविवार को जनपद नैनीताल के चोरगलिया क्षेत्र के दौरे पर पहुंचे। राजकीय इंटर कॉलेज लाखनमंडी स्थित हेलीपैड पर कैबिनेट मंत्री राम सिंह कैड़ा, लालकुआं विधायक डॉ. मोहन सिंह बिष्ट, जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. मंजूनाथ टीसी सहित विभिन्न जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने उनका भव्य स्वागत किया।
दौरे के दौरान मुख्यमंत्री ने राजकीय इंटर कॉलेज लाखनमंडी में आयोजित जनसंवाद कार्यक्रम में क्षेत्रीय जनता की समस्याएं सुनीं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनता की समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का मुख्य उद्देश्य आमजन की समस्याओं का त्वरित समाधान करना है और किसी भी नागरिक को छोटी-छोटी समस्याओं के लिए बार-बार सरकारी कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें।
मुख्यमंत्री ने क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों और स्थानीय लोगों से मुलाकात कर उनकी कुशलक्षेम जानी तथा विकास कार्यों और जनहित से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि जनसमस्याओं के समाधान में किसी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए और सभी मामलों का समयबद्ध निस्तारण किया जाए।
इसके बाद मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हल्द्वानी-चोरगलिया-सितारगंज मार्ग पर शेर नाला में 9 करोड़ 93 लाख रुपये की लागत से निर्मित 120 मीटर स्पान डबल लेन आरसीसी कंक्रीट सेतु का लोकार्पण किया। लंबे समय से क्षेत्र की जनता इस पुल के निर्माण की मांग कर रही थी।
गौरतलब है कि मानसून के दौरान शेर नाला के उफान पर आने से क्षेत्र के लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता था। नाले में पानी बढ़ने के कारण आवागमन बाधित हो जाता था और लोगों को अपने गंतव्य तक पहुंचने के लिए लंबा वैकल्पिक मार्ग अपनाना पड़ता था। नए पुल के निर्माण से अब क्षेत्रीय जनता को वर्षभर सुरक्षित और सुगम आवागमन की सुविधा मिलेगी। साथ ही पर्यटन गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा और हल्द्वानी, चोरगलिया तथा सितारगंज के बीच संपर्क और अधिक मजबूत होगा।
पुल के लोकार्पण के बाद स्थानीय लोगों ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का आभार व्यक्त करते हुए इसे क्षेत्र के विकास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।
इस अवसर पर भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट, कैबिनेट मंत्री राम सिंह कैड़ा, विधायक डॉ. मोहन सिंह बिष्ट, विभिन्न जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी तथा बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।










