बरम में हुई कार दुर्घटना में एक परिवार की दिवाली की रौनक और खुशियां मातम में बदल गईं। कार सवार युवक पत्नी और बेटे के साथ दिवाली मनाने के लिए अपने पैतृक गांव मुनस्यारी के सुरिंग से लोहाघाट के लिए निकले।

पत्नी और बेटा उनका इंतजार करते रहे लेकिन उन्हें पति और पिता की मौत की खबर मिली। मृतक का पोस्टमार्टम के बाद रामेश्वर घाट पर अंतिम संस्कार किया गया।

मुनस्यारी के जिला पंचायत सदस्य जगत मर्तोलिया के छोटे भाई सुरिंग निवासी विरेंद्र सिंह मर्तोलिया की पत्नी कमला लोहाघाट में बाल विकास विभाग में परियोजना अधिकारी के पद पर तैनात हैं। उनका बेटा संस्कार (23) हल्द्वानी में पढ़ाई करता है। दिवाली पर वह लोहाघाट पहुंचा था।

विरेंद्र भी बीते मंगलवार को पत्नी और बेटे के साथ दिवाली मनाने के लिए अपने पैतृक गांव से अपनी कार में लोहाघाट के लिए रवाना हुए। पत्नी और बेटा उनका इंतजार कर रहे थे।

किसी को यह मालूम नहीं था कि रास्ते में एक भयानक घटना इंतजार कर रही है जो दिवाली की सभी खुशियों पर ग्रहण लगा देगी।

विरेंद्र अपने घर से सिर्फ 54 किमी का सफर तय कर बरम पहुंचे थे। यहां उनकी कार अनियंत्रित होकर गोरी नदी के किनारे गिर गई और मौके पर ही उनकी मौत हो गई।

पिता की मौत से बेटे के आंसू थमने का नाम नहीं ले रहे जबकि पति की मौत से पत्नी बदहवास है। बड़े भाई जगत मर्तोलिया भी छोटे भाई की मौत से सदमे में हैं।

घटना के दूसरे दिन बुधवार को धारचूला संयुक्त चिकित्सालय में पोस्टमार्टम के बाद शव का रामेश्वर घाट में अंतिम संस्कार किया गया।

Advertisement
यह भी पढ़ें :  कालाढूंगी में 40 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन, जय श्रीराम के जयकारों से गूंजा रामलीला मैदान

You missed

❌ Content Protection Enabled: Right-click & text copying is disabled on this website.